सिनेमा एवं कला-संस्कति की रिपोर्टिंग करने वाले अत्यंत जुझारू पत्रकार दुर्गा प्रसाद पांडे का अचानक निधन हो गया। वह पिछले काफी दिनों से दिख नहीं रहे थे। मैंने सोचा कि कहीं बाहर गये हैं, लेकिन पत्रकार सुशमा कुमारी ने आज रात ही उनके निधन की खबर दी जिसे सुनकर मैं सन्न रह गया। पहले उन्हें अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) में भर्ती कराया गया था, लेकिन बाद में उन्हें सफदरजंग अस्पताल स्थानांतरित कर दिया गया।

स्व. दुर्गा
वह पिछले करीब एक माह से अस्वस्थ चल रहे थे। वह सफदरजंग में हो रहे इलाज से संतुष्ट नहीं थे और दो-तीन पूर्व ही अपने निकट के पत्रकार मित्रों से एम्स में भर्ती कराने के लिये कोशिश करने का अनुरोध किया था, लेकिन वह एम्स में भर्ती हो पाते, इससे पहले ही अचानक वह कोमा में चले गये और कल हमसे हमेशा के लिये बिछड़ गये। वह महामेधा दैनिक अखबार में वर्ष 2004 से फीचर विभाग में सम्पादकीय कार्यभार संभालते थे। श्री पांडेय अपने पीछे दो बेटियां और एक बेटा को छोड़ गए हैं। वह महामेधा अखबार के आरंभ से ही फीचर विभाग देख रहे थे। वह अत्यंत उत्साही और कर्मठ थे। फिल्म से संबंधित लगभग हर कार्यक्रम में अपनी खास मुस्कुराहट के साथ मौजूद होते थे और अपने सवालों से सबकी नजरों में रहते थे। उनके प्रिय विषय फिल्म, धर्म, पर्यटन एवं खेत-खलिहान थे।
यूएनआई के वरिष्ठ पत्रकार विनोद विप्लव की रिपोर्ट.