उत्तर प्रदेश के युवा मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने सूबे की सत्ता संभालते ही प्रदेश की जनता से यह वादा किया था कि सपा के शासन में कानून व्यवस्था के साथ किसी को खिलवाड़ नहीं करने दिया जाएगा, फिर चाहें वो कोई नेता हो या पुलिस अधिकारी, लेकिन प्रदेश में ऐसा कुछ भी होता नज़र नहीं आ रहा है। हर बार कोई न कोई अखिलेश की साख पर बट्टा लगाता नज़र आ जाता है। अखिलेश सरकार जिन वर्दी वालों के दम पर प्रदेश में कानून का राज कायम करना चाहती है। वही पुलिस कर्मी कवरेज करने गए मीडिया कर्मियों पर ही अपनी खाकी का दम दिखाने लगी है।
दरअसल पूरा मामला है सुल्तानपुर जनपद की नगर कोतवाली का। यहां पर दो पक्षों में मामूली विवाद को लेकर मारपीट हो गई। एक पक्ष ने दूसरे पक्ष के एक व्यक्ति को जमकर पीट दिया। जब इस पूरे मामले की भनक मीडिया को लगी तो वह पूरे मामले की जानकारी के लिए नगर कोतवाली गए। मीडिया का नगर कोतवाली पहुंचना पुलिस कर्मियों को नागवारा गुजरा और पुलिस का एक दबंग दरोगा नगर कोतवाल के साथ मिलकर मीडिया कर्मियों से भिड़ गया। मीडिया कर्मियों के लाख समझाने के बावजूद दरोगा ने अपनी हेकड़ी के आगे उनकी एक न सुनी और जमकर भद्दी-भद्दी गालियां देना शुरू कर दिया पर शायद दरोगा जी यह भूल गए कि उनकी यह शर्मनाक हरकत पत्रकारों के कैमरे में कैद हो चुकी है, और कैमरा कभी झूठ नहीं बोलता। अब प्रदेश के युवा मुख्यमंत्री को यह फैसला करना है कि वह इन्हीं खाकी वर्दी वालों के दम पर प्रदेश में कानून का राज लाना चाहते हैं।

नितिन श्रीवास्तव
पत्रकार
सुल्तानपुर





