मध्य प्रदेश के वरिष्ठ पत्रकार तथा हरिभूमि जबलपुर के संपादक चैतन्य भट्ट के पिता दुर्गाशंकर भट्ट का सोमवार को निधन हो गया. वे 82 साल के थे तथा पिछले कुछ दिनों से बीमार चल रहे थे. उनका इलाज जबलपुर के ही मेट्रो हास्पीटल में चल रहा था. यहीं पर उन्होंने आखिरी सांस लिया. वे देहरादून के एक संस्थान में हिंदी अधिकारी के पद से रिटायर हुए थे. वे अच्छे लेखक और कवि भी थे. उनके लेख एवं कविताएं कई पत्र-पत्रिकाओं में प्रकाशित होती रहती थीं.
वे अपने पीछे पत्नी तथा दो बच्चों का भरा पूरा परिवार छोड़कर गए हैं. चैतन्य भट्ट के छोटे भाई भी सेंट्रल बैंक में राजभाषा अधिकारी हैं. दुर्गाशंकर जी का अंतिम संस्कार जबलपुर के रानीताल मुक्तिधाम श्मशान घाट पर किया गया. इस दौरान काफी संख्या में परिवार के शुभचिंतक, पत्रकार एवं गणमान्य लोग शामिल रहे. पत्रकारों ने चैतन्य भट्ट के पिता के निधन पर शोक व्यक्त किया है.





