बरेली में कल उप श्रमायुक्त आफिस में एक बैठक हुई. इसमें रूहेलखण्ड मीडिया वर्कर एसोसियेशन और रूहेलखंड क्षेत्र पत्रकारों की गठित पंचसमिति के लोग शामिल हुए. बैठक का एजेंडा था- रूहेलखण्ड क्षेत्र के समाचार पत्र संस्थानों में मजीठिया वेजबोर्ड लागू करना और दैनिक जागरण कर्मचारियों का उत्पीड़न रोकना. बैठक में दैनिक जागरण के पर्सनल मैनेजर मनोज दूबे, एचआर हेड नरेश गंगवार, विभिन्न श्रमिक संगठनों के लोग भी शामिल थे. उप श्रमायुक्त की मौजूदगी में हुई वार्ता क्रम में दैनिक जागरण कर्मचारियों के उत्पीड़न का मुद्दा उठा.
तय किया गया कि जागरण के पर्सनल मैनेजर मनोज दूबे दैनिक जागरण के कर्मचारियों से अलग-अलग वार्ता कर उनकी तकलीफों को सुनेंगे और उनका निदान करेंगे. उप श्रमायुक्त एमएल चौधरी ने दैनिक जागरण प्रबन्धन से कर्मचारियों का नियुक्ति पत्र और संस्थान का स्टैंडिंग आर्डर 22जून को प्रस्तुत करने का आदेश दिया. इसके साथ ही उन्होंने प्रबन्धन को कर्मचारियों का मई माह का वेतन 3 दिन के अन्दर उनके खाते में भेजने का निर्देश दिया. मजीठिया वेजबोर्ड की सिफारिशें लागू करने के सम्बन्ध में जागरण प्रबन्धन द्वारा दिए गए सर्वोच्च न्यायालय में विचाराधीन एक याचिका के तर्क को वार्ता में सम्मलित रूहेलखण्ड मीडिया वर्कर एसोसियेशन एवं विभिन्न श्रमिक संगठनों सहित पत्रकारों की पंचसमिति के सदस्यों ने सिरे से खारिज करते हुए कहा कि माननीय सर्वोच्य न्यायालय द्वारा याचिकाकर्ता को कोई स्थगन आदेश एवं अंतरिम सहायता नहीं दी गई है, इसलिए आपत्ति स्वीकार नहीं है.
वार्ता में रूहेलखण्ड मीडिया वर्कर एसोसियेशन के अध्यक्ष सुरेन्द्र शर्मा, वरिष्ठ पत्रकार रमेश राय, महामंत्री मुख्तार अन्सारी, सीटू के प्रदेश महामंत्री तारकेशवर चतुर्वेदी, बरेली ट्रेड यूनियन फेडरेशन के अध्यक्ष कैलाश चन्द सक्सेना और पीयूसीएल के यशपाल सिंह, इंकलाबी मजदूर केन्द्र के सतीश बाबू, मार्केट वर्कर एसोसियेशन के जय प्रकाश, बरेली कर्मचारी एसोसियेशन के राजेन्द्र गंगवार, महेश गंगवार और अजेन्द्र सिंह, पत्रकार प्रवीण शंखधार, सुनील सम्बेदी, पीएल शर्मा, देव सिंह, धर्मेन्द्र सिंह बन्टी, दिनेश पवन पूनीत कुमार, विवेक मिश्रा, अशोक गुप्ता, एसके वर्मा, अमरजीत सिंह, निर्भय सक्सेना आदि शामिल हुए. अगली सुनवाई 22 जून को सुनिश्चित की गई है. एसोसिएशन ने पत्रकारों से निवेदन किया है कि वे इस मुहिम में सहयोग दें.






