नई दिल्ली। प्रसिद्ध पत्रकार एवं राजनीतिक चिंतक डॉ. वेदप्रताप वैदिक के पिता जगदीश प्रसाद वैदिक का आज दोपहर इंदौर में निधन हो गया है। उनकी आयु 88 वर्ष थी। उनकी अंत्येष्टि कल सुबह इंदौर में की जाएगी। डॉ. वैदिक और उनके परिवार के सभी लोग कल सुबह विमान से इंदौर पहुंचेंगे। जगदीश प्रसाद वैदिक का संन्यासी नाम स्वामी वैदिकानंद था। उनका जन्म इंदौर में हुआ था। वे किशोरावस्था से ही समाज सुधार और राजनीति में महत्वपूर्ण भूमिका अदा करते रहे। वे मध्यप्रदेश के आर्य समाज आंदोलन के सूत्रधारों में से एक थे। उन्होंने अपने जीवन को सदाचार, निर्भयता और सत्य के आग्रह का अनुपम उदाहरण बनाया था।
उन्होंने 1989 में इंदौर में अखिल भारतीय अंग्रेजी हटाओ सम्मेलन का आयोजन किया। जिसमें भूतपूर्व राष्ट्रपति ज्ञानी जैल सिंह के अलावा दर्जनों मुख्यमंत्रियों और केन्द्रीय मंत्रियों ने भी भाग लिया। इंदौर की दृष्टि से ये अभूतपूर्व कार्यक्रम था। अभी कुछ ही दिनों पहले उन्होंने अपने बंगले की जमीन में से दो करोड़ रुपए की जमीन सरकार को दान दी थी। वे नौजवानों की कई पीढ़ियों को प्रेरणा देते रहे। अभी कुछ दिन पहले मप्र के मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान और भाजपा के अध्यक्ष प्रभात झा व कई दलों के नेतागण उन्हें देखने अस्पताए भी आए थे।





