अलविदा की नमाज के बाद मीडिया कर्मियों पर हुए हमले में पीड़ित मीडिया कर्मियों को उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव की पहल पर एनेक्सी मीडिया सेंटर में मुआवजे का चेक सौंपा गया। प्रमुख गृह सचिव आरएम श्रीवास्तव, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक आरके चतुर्वेदी सहित तमाम अधिकारियों की मौजूदगी में 52 मीडियाकर्मियों को चेक दिया गया। इस दौरान वरिष्ठ पत्रकार हेमंत तिवारी ने लखनऊ विश्वविद्यालय में दो पत्रकारों के साथ हुई मारपीट का मामला उठाया और दोषियों को कड़ी सजा देने की मांग की।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने बताया कि घटना में शामिल अपराधी प्रवृत्ति के छात्र नेताओं के खिलाफ गैंगस्टर, रासुका जैसे कानूनों के तहत कड़ी कारवाई की जाएगी। प्रमुख सचिव (गृह) ने बताया कि घटना के फोटो व वीडियो फुटेज के आधार पर अब तक छह लोगों को जेल भेजा जा चुका है। प्रमुख सचिव ने कहा कि मुख्यमंत्री जी ने विशेष रूचि लेते हुए इस मामले में जल्दी से जल्दी कारवाई करने व जांच पूरी करने को कहा है। इस दौरान कुछ पत्रकारों ने मुआवजा पाने वालों की सूची में कुछ पीड़ितों के नाम छूट जाने व कुछ लोगों को कम मुआवजा देने की बात उठायी। जिस पर प्रमुख सचिव गृह ने आश्वस्त किया कि जिन के नाम छूट गए हों या जिन्हें कम मुआवजा मिला हो वो इसे शासन के संज्ञान में लाएं और इस पर उचित कारवाई की जाएगी। इस मौके पर वरिष्ठ पत्रकार सत्यवीर सिंह, नरेंद्र श्रीवास्तव, राजेश शुक्ला, नीरज श्रीवास्तव, हरीश कांडपाल, दिलीप सिन्हा, मुदित माथुर, शरत सहित कई वरिष्ठ पत्रकार मौजूद रहे।





