राजस्थान में जल्दी ही एक नया पाक्षिक अख़बार लोकयात्रा लांच होने जा रहा है…खोजी पत्रकारिता पर आधारित यह अख़बार प्रदेश के दूरदराज इलाकों में जाकर उन ख़बरों को मुद्दा बनाएगा जो दैनिक अख़बारों से अछूती रह जाती है…यह राजनीतिक गलियारों में सतह के नीचे चल रही हलचल को उभारकर आम आवाम तक पहुंचाएगा…वहीं सामाजिक ताने-बाने की मुख्य धारा से जुड़कर समाज में जड़ बन चुकी कुरीतियों पर समाज का नए सिरे से ध्यानाकर्षित करेगा…
लोकयात्रा उन तमाम ख़बरों और मसलों की तह में जाकर उन्हें प्रमुखता से उठाने की कोशिश करेगा जिन्हें संक्रमित मीडिया ने अनदेखी कर कूड़ेदान का पात्र बना दिया…साथ ही राजस्थान के गाँव-गलियारों में जाकर देहातियों से लोकतंत्र और लोकसंस्कृति के मसलों पर बात करेगा… अख़बार के संपादक कमलेश केशोट के अनुसार लोकयात्रा राजस्थान में खोजी पत्रकारिता में नए आयाम स्थापित करने के हरसंभव प्रयास करेगा…वहीं आम ख़बरों पर पैनी नज़र रखकर सूबे के सिपहसालारों से खरी-खोटी करेगा…लोकयात्रा राजस्थान में ख़बरों की एक अनोखी यात्रा होगी जो लोगों के बीच जाकर उनसे उन्हीं के मुद्दों पर खरी-खरी बात करेगी…केशोट के मुताबिक तीखे तेवर और नए कलेवर में ख़बरों की यात्रा का यह नया अंदाज प्रदेशवासियों को बेहद पसंद आएगा…





