सूचना आई है कि सुधीर चौधरी ने ब्राडकास्ट एडिटर्स एसोसिएशन और इससे जुड़े एनके सिंह (प्रेसीडेंट), दिबांग और राहुल कंवल पर मुकदमा ठोंक दिया है. सुधीर चौधरी द्वारा दायर किए गए डिफेमेशन के केस में कई बातें कही गई हैं. बीईए से खुद को निकाले जाने को सुधीर ने अवैध और गैर-कानूनी बताया है. एथिक्स कमेटी की इनक्वायरी को नल एंड वायड करार दिया है.
सूत्रों के मुताबिक सुधीर ने बीईए से खुद को हटाए जाने से संबंधित प्रेस रिलीज को भी अवैध कहा है. उन्होंने बीईए व इससे जुड़े लोगों से बिना शर्त माफी मांगने को कहा है और हर्जाना मांगा है. सुधीर चौधरी ने कोर्ट से अपील की है कि वह बीईए व इससे जुड़े लोगों को सुधीर चौधरी को लेकर कोई भी टिप्पणी करने से रोके. दिल्ली हाईकोर्ट में दायर किए गए इस मुकदमें की तारीख चार जनवरी को लगी है. इस दिन सभी पक्षों को कोर्ट में हाजिर होना है.
उल्लेखनीय है कि खबर रोकने के लिए पैसे मांगने के मामले में फंसे सुधीर चौधरी के प्रकरण की जांच के लिए बीईए ने एक कमेटी गठित की थी जिसमें एनके सिंह, दिबांग और राहुल कंवल सदस्य थे. इस समिति ने सुधीर चौधरी को बीईए से हटाए जाने की सिफारिश की थी, जिसे बीईए ने मानते हुए सुधीर को बाहर का रास्ता दिखा दिया. इससे खफा सुधीर ने अपनी लिखित आपत्ति तब दर्ज कराई थी और अब मानहानि का केस कर दिया है.
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