Connect with us

Hi, what are you looking for?

No. 1 Indian Media News PortalNo. 1 Indian Media News Portal
Local News Community

आवाजाही, कानाफूसी...

प्रशिक्षण के नाम पर इंडिया न्यूज के चैनलों से छंटनी की तैयारी!

: कानाफूसी : खबर है कि इंडिया न्यूज के चैनलों के सभी लोगों का एक वर्कशाप कराया गया है जिसमें ट्रेनिंग देने की जगह छंटनी के लिए आधार तैयार किया गया है. इस वर्कशाप में कर्मियों का कई तरह से टेस्ट लिया गया. स्क्रिप्ट लिखवाने से लेकर वीओ कराने तक की जांच की गई और इस आधार पर लिस्ट बनाई गई है जिसमें कमजोर कड़ियों का नाम शुमार किया गया है. दीपक चौरसिया के नेतृत्व में इंडिया न्यूज के आने के बाद भारी उथल-पुथल चैनल में मची हुई है.

: कानाफूसी : खबर है कि इंडिया न्यूज के चैनलों के सभी लोगों का एक वर्कशाप कराया गया है जिसमें ट्रेनिंग देने की जगह छंटनी के लिए आधार तैयार किया गया है. इस वर्कशाप में कर्मियों का कई तरह से टेस्ट लिया गया. स्क्रिप्ट लिखवाने से लेकर वीओ कराने तक की जांच की गई और इस आधार पर लिस्ट बनाई गई है जिसमें कमजोर कड़ियों का नाम शुमार किया गया है. दीपक चौरसिया के नेतृत्व में इंडिया न्यूज के आने के बाद भारी उथल-पुथल चैनल में मची हुई है.

पुराने कर्मी बेहद डरे हुए हैं. उन्हें डर है कि नया नेतृत्व अपने खास लोगों को चैनल में भरने के लिए पुराने लोगों पर गाज गिरा सकता है. उधर, एक नए फरमान के तहत इंडिया न्यूज कर्मियों को अपने साथ कोई सामान लाने से मना कर दिया गया है. लोग पहले टिफिन, पानी बाटल, मफलर, टोपी आदि बैग में रखकर लाते थे पर अब किसी भी प्रकार के सामान की आफिस के अंदर इंट्री बैन कर दी गई है.

इस तुगलकी फरमान से हर कर्मी परेशान है. लोग कहने लगे हैं कि इंडिया न्यूज वाले नहीं चाहते कि उनके कर्मी खाना खाएं. ठंढ के दिनों में टोपी, मफलर इत्यादि लोग लेकर आते हैं ताकि आने जाने के दौरान इसे पहनकर खुद को सर्दी से सुरक्षित रखा जा सके पर अगर कोई सामान लाने से मना किया गया है कि तो इसे भी लोग नहीं ला पा रहे. कई लोग आफिस के बाहर की पान की दुकानों पर मनुहार करके अपने सामान रख रहे हैं जिसकी सुरक्षा की कोई गारंटी दुकान वाले नहीं दे रहे. कुछ लोग दुकान वालों को पैसे देकर अपना सामान रखवा रहे हैं. बताया जाता है कि इंडिया न्यूज के लोगों को पिक ड्राप की सुविधा भी नहीं दी गई है जबकि इसी समूह के अंग्रेजी चैनल न्यूज एक्स के लोगों को यह सुविधा मिली हुई है.

इंडिया न्यूज का एक दुर्खी कर्मी भड़ास को मेल कर अपनी पीड़ा कुछ यूं बयान करता है… ''India news ko join karte hi naye  logo ne waha ke old employees pe sikanjaa kasna suru kar diya.or unko apni knowledge ki okat dikha rahe hai.Sab employees ko bahut beijjat kiya jaa raha hai training sesion me jo last 8-10 dini se Janakpuri ke Hilton Hotel me chal rahe hai.. Video editors se reporting karwa rahe hai.Bahut natak chal raha hai''

CosmoQuick: AI Recruitment For Media Jobs
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

… अपनी भड़ास [email protected] पर मेल करें … भड़ास को चंदा देकर इसके संचालन में मदद करने के लिए यहां पढ़ें-  Donate Bhadasमोबाइल पर भड़ासी खबरें पाने के लिए प्ले स्टोर से Telegram एप्प इंस्टाल करने के बाद यहां क्लिक करें : https://t.me/BhadasMedia 

Advertisement

You May Also Like

विविध

Arvind Kumar Singh : सुल्ताना डाकू…बीती सदी के शुरूआती सालों का देश का सबसे खतरनाक डाकू, जिससे अंग्रेजी सरकार हिल गयी थी…

विविध

: काशी की नामचीन डाक्टर की दिल दहला देने वाली शैतानी करतूत : पिछले दिनों 17 जून की शाम टीवी चैनल IBN7 पर सिटिजन...

विविध

पहली बार चुनाव हमने 1967 में देखा था. तेरह साल की उम्र में. और अब पहली बार ऐसा चुनाव देख रहे हैं, जो इससे...

विविध

राजस्थान, कांग्रेस और सेक्स. ये तीन शब्द लगता है आपस में अच्छे से घुल मिल गए हैं. भंवरी कांड में ये तीनों शब्द जुड़े...