भोपाल : जन न्याय दल ने गैरकानूनी तरीके से अफसरों की गिरफ्तारी करने के अपराध में सजा भोग रहे लोकायुक्त पुलिस के बर्खास्तशुदा डीएसपी मोहकम सिंह नैन की संपत्ति राजसात करने की मांग की है। यह अफसर जिला अदालत के फैसले के बाद इन दिनों जेल की सजा भुगत रहा है। जन न्याय दल ने आज इस सबंध में लोकायुक्त जस्टिस पी.पी.नावलेकर को दिए ज्ञापन के हवाले से कहा है कि मध्यप्रदेश के धनवान अफसरों के विरुद्ध भ्रष्टाचार के फर्जी प्रकरण बनाने में माहिर इस अफसर की दौलत भी करोड़ों रुपयों की है। इस दौलत को उसने अपने रिश्तेदारों और दोस्तों के नाम पर विभिन्न कारोबारों में लगा रखा है।
पुलिस के इस अफसर ने राजनेताओं को भरमाने के लिए उनके विरोधियों को निशाना बनाया और इसकी आड़ में अन्य अफसरों को धमकाकर बेहिसाब दौलत कमाई है। पूर्व लोकायुक्त जस्टिस रिपुसूदन दयाल के इशारों पर काम करने वाले इस अपराधी अफसर की छवि लोकायुक्त संगठन में खौफ का पर्याय बन गई थी। अब भोपाल की जिला अदालत ने वाणिज्यकर विभाग में डिप्टी कमिश्नर रहे स्व.ऋषभ कुमार जैन की गैरकानूनी गिरफ्तारी के सिलसिले में मोहकम सिंह नैन को पांच साल की जेल की सजा सुनाई है।
जन न्याय दल के प्रदेश प्रवक्ता आलोक सिंघई ने अपने ज्ञापन में कहा है कि इस अफसर के खिलाफ इस तरह की शिकायतें पहले भी तत्कालीन लोकायुक्त महोदय को मिलती रहीं थीं। ताजा फैसले से ये साफ हो गया है कि तत्कालीन लोकायुक्त महोदय ने उन शिकायतों को हमेशा नजरंदाज किया और अपने अधीन काम करने वाले अपराधी अफसर पर अंकुश न लगाकर अपने दायित्वों में गंभीर लापरवाही की।
लोकायुक्त जस्टिस पी.पी.नावलेकर को भेजे ज्ञापन में जन न्याय दल ने अनुरोध किया है कि इस अपराधी अफसर के समूचे कार्यकाल में हुईं समस्त कार्रवाहियों की जांच किसी न्यायिक अधिकारी से करवाई जाए। जन चर्चाओं में ये बार बार कहा जा रहा है कि पूर्व डीएसपी मोहकम सिंह नैन ने अधिकारियों के भयादोहन से करोड़ों रुपयों की दौलत जुटाई है। इसलिए लोकायुक्त महोदय से अनुरोध किया गया है कि श्री नैन की सभी घोषित और अघोषित संपत्तियों की जांच कराई जाए और उस पर मध्यप्रदेश विशेष न्यायालय अधिनियम के तहत मुकदमा चलाकर उसकी सभी अवैध संपत्तियां राजसात करने की कार्रवाई की जाए।
आलोक सिंघई पत्रकार
प्रदेश प्रवक्ता
जन न्याय दल, मध्यप्रदेश
9425376322






