गुवाहाटी। पिछले 11 फरवरी से अस्पताल में मौत से जूझ रहे पत्रकार सफर अहमद आज दोपहर 12 बजे के करीब जिंदगी की जंग हार गया। बरपेटा में साहित्य सभा की रिपोर्टिंग के दौरान पीलिया रोग से ग्रसित सफर के लिए पिछले कई दिनों से दुआ कर रहे पत्रकार साथियों ने आज बड़े गम के साथ सफर को अंतिम विदाई दी।
अपने कार्य के प्रति समर्पण और जुझारू पत्रकार के साथ एक सुलझे हुए इंसान के रूप में अपने साथियों के बीच लोकप्रिय सफर के पार्थिव शरीर को दोपहर तीन बजे गुवाहाटी प्रेस लाया गया। जहां प्रेस क्लब के पदाधिकारियों के अलावा बड़ी संख्या में उपस्थित पत्रकारों ने सफर के पार्थिव शरीर पर श्रद्धांजलि अर्पित की।
गुवाहाटी प्रेस क्लब के सचिव नव ठाकुरिया ने सफर के असामायिक निधन पर शोक व्यक्त करते हुए कहा कि एक पिछड़े इलाके से आकर पत्रकारिता के व्यस्त कार्य के साथ पढ़ाई जारी रखने वाले इस युवा पत्रकार ने कभी अपने स्वास्थ्य के बारे में नहीं सोचा। उनके लिए उनकी ड्यूटी ही प्राथमिकता होती थी। इधर मुख्यमंत्री तरुण गोगोई ने सफर की मौत पर शोक व्यक्त करते हुए उनके परिजनों के प्रति संवेदना व्यक्त की है। वहीं मुस्लिम युवा परिषद ने अपने शोक संदेश में कहा है कि सफर एक निष्ठावान पत्रकार के साथ उच्च कोटी का समाजकर्मी भी था।
मालूम हो कि एक अत्यंत निर्धन परिवार से संबंध रखने वाले सफर एक असमिया दैनिक से अपने कैरियर की शुरूआत करने के बाद फिलहाल यहां से निकलने वाले बांग्ला दैनिक सकालबेला में काम कर रहे थे। साथ ही असमिया साहित्य से एमए करने के बाद वे डि लिट् कर रहे थे। आटो चलाकर परिवार का भरण-पोषण कर रहे अपने बड़े भाई के साथ सफर यहां रह कर अपने कैरियर को एक दिशा देने में लगे थे लेकिन ईश्वर को यह मंजूर नहीं था।
गुवाहाटी से नीरज झा की रिपोर्ट.





