भ्रामक विज्ञापनों पर कड़ा रुख अपनाते हुए उपभोक्ता मामलों के मंत्री केवी थामस ने गुरुवार को कहा कि इस मामले से सही ढंग से निपटा जाना चाहिए ताकि यह सही संदेश जाए कि सरकार सिर्फ भ्रामक विज्ञापनों पर नियंत्रण चाहती है और मीडिया पर नियंत्रण करने का प्रयास नहीं कर रही।
विश्व उपभोक्ता अधिकार दिवस पर थामस ने एक सम्मेलन में कहा कि मैं भ्रामक विज्ञापनों तक पहुंचना चाहता हूं। यह प्रिंट और टेलीविजन मीडिया के लिए आमदनी का एक बड़ा जरिया है। हमें इससे सावधानी से निपटना होगा ताकि यह संदेश न जाए कि सरकार विज्ञापनों पर नियंत्रण करके मीडिया पर नियंत्रण करने की कोशिश कर रही है।
उन्होंने बताया कि भ्रामक विज्ञापन के मामले को देखने के लिए मीडिया और अन्य संगठनों के सदस्यों को मिलाकर एक समिति का गठन किया गया, जिसकी रिपोर्ट आ गई है। उन्होंने कहा कि मुझे लगता है कि यह एक महत्वपूर्ण मामला है क्योंकि हमें देश में प्रेस की आजादी का सम्मान करना है, लेकिन इसके साथ ही मीडिया को देश की जनता को गुमराह करने के लिए इस्तेमाल भी नहीं किया जाना चाहिए।





