दैनिक जागरण, मेरठ यूनिट के अधीन सहारनपुर ब्यूरो के एक कारनामे की इन दिनों खूब चर्चा है. सहारनपुर जिले में कल दैनिक जागरण अखबार में एक खबर देख शहर में चर्चा फैल गई की शहर काजी गुजर गए. लोग जब शोक संवेदना जताने शहर काजी के घर पहुंचे तो पता चला कि वे तो पूरी तरह स्वस्थ हैं. आज दैनिक जागरण ने खंडन प्रकाशित कर गलत खबर पर खेद जताया है. कल प्रकाशित खबर इस तरह थी- ''दैनिक जागरण में कल छपी शहर काजी सुल्तान अख्तर का मंगलवार को तारावती अस्पताल में हृदय गति रुकने से निधन हो गया। उनके आवास पर राज्यमंत्री संजय गर्ग, नायब शहर काजी नदीम अख्तर, शाह महमूद हसन, शहर काजी मरगूबुलहक नजीबाबाद आदि ने शोक व्यक्त किया है।''
दैनिक जागरण, सहारनपुर संस्करण के पेज नंबर तीन पर एक नजर कॉलम में सबसे आखिर में निधन की यह खबर प्रकाशित हुई थी. खबर पढ़ने के बाद सहारनपुर जिले के मुस्लिम शिक्षण संस्थानों में अवकाश घोषित कर दिया गया. जिले भर के लोग शहर काजी के घर पर शोक जताने पहुंचे. पता चला कि शहर काजी स्वस्थ और सकुशल हैं. लोगों में गुस्सा फैल गया और जगह-जगह दैनिक जागरण की प्रतियां फूंकी गई.


आज 8 दिसंबर को दैनिक जागरण, सहारनपुर संस्करण में खेद प्रकाश छापा गया. इस घटना से दैनिक जागरण की विश्वसनीयता को गहरा ठेस पहुंचा है. इतनी बड़ी चूक कैसे हुई? सूत्रों के मुताबिक एक विज्ञप्ति सहारनपुर कार्यालय में आई थी. इसमें किसी के जनाजे की नमाज शहर काजी सुल्तान अख्तर ने अदा कराई थी. जागरण के एक रिपोर्टर सीबी सिंह ने शहर काजी को ही मार दिया. बताया जाता है कि रिपोर्टर सीबी सिंह को काम से हटा दिया गया है.





