: थाने पर सारी रात धरना, डीसी और सांसद को दी एसपी के खिलाफ शिकायत : फतेहाबाद। सोमवार देर रात को डीएसपी रोड पर एक दुकान में बिक रही स्मैक की शिकायत लेकर एसपी के पास फरियाद लेकर गए डीएसपी रोड के सैंकड़ों लोगों व शहर के चार पार्षदों से एसपी उलझ गए। यही नहीं एसपी ने वहां पर कवरेज कर रहे वरिष्ठ पत्रकार आरके सेठी का कैमरा छीन लिया व उनसे बदसलूकी की। एसपी के इस रवैये से पार्षदों व वहां मौजूद लोगों में रोष फैल गया और एसपी के सामने ही वह एसपी मुर्दाबाद के नारे लगाते हुए वहां से निकलकर सिटी थाने में पहुंच गए।
यहां पर वरिष्ठ पत्रकार आरके सेठी ने एसपी के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर एक शिकायत शहर थाने में दी, लेकिन उसे लेने के लिए कोई भी पुलिसकर्मी तैयार नहीं हुआ। इस बात से गुस्साए लोगों ने सिटी थाने के बाहर सुबह साढ़े चार बजे तक धरना दिया और पांच बजे शहर के मुख्य बाजारों में एसपी के खिलाफ नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया। सुबह शहर के सभी पत्रकारों ने एसपी के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर सांसद अशोक तंवर व डीसी डा. साकेत कुमार को ज्ञापन सौंपा।
मामले के अनुसार डीएसपी रोड पर एक दुकान में स्मैक बेचने का मामला प्रकाश में आया था। सोमवार रात को जब मोहल्ले के लोगों को इसकी जानकारी हुई तो उन्होंने दुकान संचालक का विरोध करना शुरू कर दिया। लोगों ने वार्ड के पार्षद रमेश गिल्होत्रा को मौके पर बुला लिया। देखते ही देखते वहां पर डीएसपी रोड के सैंकड़ों लोग एकत्रित हो गए और यहां पर अन्य वार्डों के पार्षद दर्शन नागपाल, सुरेन्द्र मिढ़ा व पार्षद प्रतिनिधि सौरभ मेहता भी यहां पर पहुंच गए। इस दौरान लोगों ने कवरेज के लिए सांध्य दैनिक जन सरोकार के संपादक आरके सेठी को भी सूचना दी। इसके बाद सभी लोग पार्षदों के नेतृत्व में एसपी कैंप कार्यालय में पहुंच गए और स्मैक विक्रेता के खिलाफ कार्रवाई की मांग करने लगे। आरोप है कि एसपी ने लोगों की बात सुनने की बजाए उनको घुड़की देनी शुरू कर दी। यही नहीं जब पार्षद प्रतिनिधि एसपी विकास धनखड़ से बातचीत कर रहे थे तो पत्रकार आरके सेठी ने उनकी बातचीत करते का फोटो करना चाहा। इस पर एसपी बिदक गए और उन्होंने मर्यादाओं को लांघते हुए आरके सेठी से उनका कैमरा छीन लिया।

इस पर वहां मौजूद लोगों ने एसपी का बहिष्कार कर दिया और एसपी मुर्दाबाद के नारे लगाते हुए वहां से निकल आए। सभी लोग सिटी थाने में पहुंच गए और पत्रकार आरके सेठी ने एसपी के इस दुर्व्यवहार के खिलाफ कार्रवाई के लिए शिकायत पत्र शहर थाने में दिया। लेकिन शहर थाने में इस शिकायत पत्र को लेने के लिए कोई राजी नहीं हुआ। इस दौरान एसडीएम बलजीत सिंह भी मौके पर पहुंच गए और उन्होंने आश्वासन दिया कि संबंधित दुकान को अलग से ताला लगा दिया जाएगा और सुबह इसकी जांच की जाएगी। लेकिन वार्डवासी एसपी के दुर्व्यवहार के खिलाफ कार्रवाई की मांग पर अड़े रहे। सिटी थाने में जब कोई शिकायत पत्र नहीं ले रहा था तो लोगों ने शहर थाने के बाहर धरना दे दिया और एसपी व पुलिस के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इसके बाद सुबह पांच बजे लोगों ने शहर के मुख्य बाजारों में एसपी के खिलाफ नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया। आज सुबह इस संबंध में शहर के सभी पत्रकारों की एक मीटिंग जन सरोकार कार्यालय में हुई, जिसमें एसपी के इस व्यवहार की घोर निंदा की गई। मीटिंग में निर्णय लिया गया कि एसपी के खिलाफ कार्रवाई के लिए सांसद अशोक तंवर व डीसी साकेत कुमार को ज्ञापन सौंपा जाए। इसके बाद पत्रकारों का प्रतिनिधिमण्डल डीसी व सांसद से मिला व उनको ज्ञापन सौंपा। पत्रकारों ने डीसी को दो दिन का अल्टीमेटम दिया है, अगर इस दौरान एसपी के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं हुई तो मीडियाकर्मी प्रदेश के मुख्यमंत्री भूपेन्द्र सिंह हुड्डा से मिलेंगे और कोर्ट का दरवाजा भी खटखटाएंगे।
पत्रकारों की इस मीटिंग में सांध्य दैनिक जनादेश के संपादक सुनील सचदेवा, हरियाणा की गूंज के संपादक मदन बंसल, हरिभूमि के ब्यूरो चीफ रामकुमार भारती, दैनिक जागरण के ब्यूरो चीफ सुधीर आर्य, पंजाब केसरी के ब्यूरो चीफ सुखराज सिंह ढिल्लो, दैनिक भास्कर के ब्यूरो चीफ संजय आहुजा, एएमपीएम के संपादक अजय मेहता, पंजाब केसरी के वरिष्ठ पत्रकार मदन गर्ग, आज समाज के ब्यूरो चीफ अशोक शर्मा, राष्ट्रीय सहारा व जनता टीवी के ब्यूरो चीफ जितेन्द्र मोंगा, टोटल टीवी के ब्यूरो चीफ रमेश भट्ट, पंजाब केसरी के पत्रकार अमित रूखाया, टोटल टीवी के पत्रकार रमेश भट्ट, आज समाज के डीएमएम होशियार काजला, पंजाब केसरी के बिजनैस मैनेजर मुकेश बंसल, आज समाज के पत्रकार बजरंग मीणा, राजेश भादू, टोहाना मेल के पत्रकार अशोक अरोड़ा, सुरेन्द्र जटिया, जिंदगी संस्था के अध्यक्ष हरदीप सिंह सहित अनेक पत्रकार मौजूद थे।






