गोरखपुर में पत्रकार संगठनों में छिड़ी जंग, पत्रकार आमने-सामने

पूर्वांचल के प्रमुख महानगर और नेपाल-बिहार की सीमाओं से सटा गोरखपुर महानगर गुरु गोरक्षनाथ की तप-स्थली और महात्मा बुद्ध, संतकबीर की निर्वाण स्थली के रूप में समस्त विश्‍व में प्रसिद्ध है लेकिन हालिया दिनों में गोरखपुर के पत्रकारों के बीच छिड़ी वर्चस्व की जंग में धूमिल प़ड़ती जा रही है।

गोरखपुर प्रेस क्‍लब गठित, सत्‍येन्‍द्रपाल बने संस्‍थापक अध्‍यक्ष

: ग्‍यारह सदस्‍यीय कार्यकारिणी को दिलाई गई श्‍ापथ : गोरखपुर में छह मार्च को प्रेस क्‍लब का गठन किया गया था। जिसमें अध्‍यक्ष सहित ग्‍यारह सदस्‍यों की कार्यकारिणी चुनी गई थी। सभी पदाधिकारियों को आज पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई गई। वैसे इस क्लब का गठन 1993 में ही किया गया था, पर पत्रकारों की आपसी लड़ाई और मनमुटाव के कारण यह मूर्त रूप नहीं ले सका था।  पर देर आयद, दुरूस्त आयद की तर्ज पर इसके गठन से गोरखपुर के पत्रकार जगत में खासा उत्साह है।