धमकी से भागा भागा फिर रहा है प्रभंजन नाम का पत्रकार

बिहार में प्रचंड बहुमत के साथ नीतिश कुमार ने दुबारा गद्दी संभाली है। जोरदार जीत के बाद देश के पत्रकारों में होड़ मची है नीतिश के स्तुति-गान को लेकर। होना भी चाहिये। विरोधी चित्त है ..विपक्ष साफ हो गया। मेरे कहने का आशय सिर्फ यह है कि बिहार में मीडिया पर क्या नीतिश कुमार ने मार्शल लगा रखा है। चुनाव में राज्य में भ्रष्ट अफसरशाही मुद्दे का शक्ल नही ले पायी तो क्या इस अफसरशाही के खिलाफ कुछ भी बोलना या लिखना प्रतिबंधित है।