दुख-दर्द ट्विंकल है उदास…छोड़ गए अंकल पै [caption id="attachment_19689" align="alignleft" width="94"]अनंत पै[/caption]: श्रद्धांजलि : किस्से-कहानियां सुनाने वाली दादी अब साथ नहीं रहती...घर छोटे हैं...बिल्डिंगें बड़ी हैं...दादी का जी शहर में नहीं... bhadas4media.comFebruary 27, 2011