अमेरिकी वेबसाइट का दावा – महिलाओं के साथ नग्‍न सोते थे महात्‍मा गांधी

नयी दिल्‍ली। भारत के राष्‍ट्रपिता महात्‍मा गांधी जिन्‍हें पूरा देश व कई अन्‍य देशों के लोग अहिंसा के पुजारी एवं आध्‍यात्‍मिक गुरु के रूप में पूजते हैं, उनके बारे में एक वेबसाइट ने दावा किया है कि वो महिलाओं के साथ नंगे सोते और नंगे नहाते थे। दावा करने वाली अमेरिकी वेबसाइट का नाम www.cracked.com/ है।

इस अमेरिकी वेबसाइट ने महात्‍मा गांधी, बेंजामिन फ्रैंकलिन, विंस्‍टन चर्चिल और चार्ली चैपलिन सहित छह महान लोगों को विकृत मानसिकता वाला व्‍यक्ति बताया है। वेबसाइट ने इन महान लोगों के सकारात्‍मक पक्ष को बताने के साथ ही साथ उनके व्‍यक्तिगत जीवन के कुछ कथित काले अध्‍याय को भी पेश किया है। वेबसाइट का दावा है कि उसने सभी महापुरुषों के बारे में पड़ताल करने के बाद ये तथ्‍य खोजे हैं। वेबसाइट ने अपने लेख की हेडिंग 'विकृत मानसिकता वाले छह प्रसिद्ध प्रतिभाशाली व्यक्ति' दी है। इस लेख में सबसे चौकाने वाली बात महात्‍मा गांधी के बारे में लिखे गये तथ्‍य हैं।

उल्लेखनीय है कि महात्मा गांधी के सेक्स-जीवन को केंद्र बनाकर लिखी गई किताब 'गांधीः नैक्ड ऐंबिशन' में एक ब्रिटिश प्रधानमंत्री के हवाले से कहा गया है कि गांधी नग्न होकर लड़कियों और महिलाओं के साथ सोते ही नहीं थे बल्कि उनके साथ बाथरूम में नग्न स्नान भी करते थे। राष्ट्रपिता मोहनदास कर्मचंद गांधी असामान्य सेक्स बी-हैवियर वाले अर्द्ध-दमित सेक्स मैनियॉक थे। ब्रिटिश इतिहासकार जैड ऐडम्स ने पंद्रह साल के अध्ययन और शोध के बाद 'गांधीः नैक्ड ऐंबिशन' को किताब का रूप दिया है।

किताब की शुरुआत ही गांधी की उस स्वीकारोक्ति से हुई है जिसमें गांधी ख़ुद लिखा या कहा करते थे कि उनके अंदर सेक्स-ऑब्सेशन का बीजारोपण किशोरावस्था में हुआ और वह बहुत कामुक हो गए थे। 13 साल की उम्र में 12 साल की कस्तूरबा से विवाह होने के बाद गांधी अक्सर बेडरूम में होते थे। यहां तक कि उनके पिता कर्मचंद उर्फ कबा गांधी जब मृत्यु-शैया पर पड़े मौत से जूझ रहे थे, उस समय किशोर मोहनदास पत्नी कस्तूरबा के साथ अपने बेडरूम में सेक्स का आनंद ले रहे थे। गांधी की सहयोगी सुशीला नायर गांधी के साथ निर्वस्त्र होकर सोती थीं और उनके साथ निर्वस्त्र होकर नहाती भी थीं। किताब में गांधी के ही वक्तव्य को उद्धरित किया गया है। मसलन इस बारे में गांधी ने ख़ुद लिखा है, ''नहाते समय जब सुशीला निर्वस्त्र मेरे सामने होती हैं तो मेरी आंखें कसकर बंद हो जाती हैं, मुझे कुछ भी नज़र नहीं आता, मुझे बस केवल साबुन लगाने की आहट सुनाई देती है''।

इस बार अमेरिकी वेबसाइट ने महात्मा गांधी, बेंजामिन फ्रैंकलिन, विंस्टन चर्चिल और चार्ली चैपलिन समेत छह महान लोगों को विकृत मानसिकता वाला व्यक्ति बताया है। वेबसाइट ने अपने एक लेख 'विकृत मानसिकता वाले छह प्रसिद्ध प्रतिभाशाली व्यक्ति' (6 Famous Geniuses You Won't Believe Were Perverts) में इन सभी महान लोगों के सकारात्‍मक पक्ष को बताने के साथ-साथ उनके व्यक्तिगत जीवन के कुछ स्याह पहलुओं को पेश किया है।

लेख के अनुसार, भारत को ब्रिटिश शासन से मुक्त कराने में गांधी की अहम भूमिका रही है और वह निर्विवादित रूप से एक प्रसिद्ध आध्यात्मिक नेता हैं। यह भी सत्य है कि 37 साल की उम्र तक उन्होंने ब्रह्मचर्य का पालन किया। हालांकि बाद में वह युवतियों के साथ सोने लगे और यह सिलसिला 70 साल की उम्र तक जारी रहा। लेख कहता है, गांधी जी का मानना था कि युवतियों के साथ सोना ब्रह्मचर्य के विस्तार का अगला चरण है। वह इससे खुद को नियंत्रित करने का अभ्यास करते हैं। लेख के मुताबिक, गांधी आश्रम के कड़े नियम कायदों के अनुसार उन युवतियों को अपने पति के साथ सोने की इजाजत नहीं थी। वे गांधी की सभाओं में शामिल होती थीं। वे युवतियां न केवल गांधी के साथ नग्नावस्‍था में सोती थीं बल्कि उनके साथ नहाती भी थीं। इतना ही नहीं, वे उनके सामने ही अपने एक-एक कपड़े उतारती थीं क्योंकि मोह माया से मुक्त जीवन का रास्‍ता यहीं से जाता है।

लेख के मुताबिक, गांधी अपने 18 साल की नातिन को बंगाल की यात्रा पर साथ ले गए। उन्होंने पूरे बंगाल यात्रा के दौरान उसे नग्न होकर साथ सोने को कहा। उन्होंने तब नातिन से कहा था कि बंगाल के कुछ क्रोधित मुसलमान उन दोनों की हत्या कर सकते हैं। यह सत्य है, गांधी ने अपनी एक भतीजी को नग्न होकर अपने साथ सोने के लिए कहा ‌था क्योंकि उस समय उन्होंने दोनों की अचानक हत्या की आशंका जताई थी।

लेख के अनुसार, 'हम यह नहीं कहते कि व‌ह छिप कर हर रात नंगी युवतियों के साथ सोते थे, हमें इसके बारे में कोई जानकारी नहीं है। हमारा यह कहना है कि गांधी का युवतियों के साथ नग्न होकर सोने का मकसद सेक्स करना नहीं था ‌बल्कि यह एक प्रकार की विकृति थी।

बेंजामिन फ्रैंकलिन– वेबसाइट आगे लिखती है कि बेंजामिन फ्रैंकलिन अमेरिका के निर्माणकर्ताओं में से एक व्यक्ति थे। लेख के अनुसार, 1745 में एक सहयोगी को लिखे पत्र में फ्रैंकलिन ने सुझाव दिया था कि उम्रदराज महिलाओं को पत्नी बनाना एक अच्छी पसंद है क्योंकि वे बढ़ती उम्र के कारण स्वयं को चाहने वाले पुरूष को खोना नहीं चाहती हैं। उनका मानना था कि उम्रदराज महिलाएं बुद्धिमान और अनुभवी होती हैं साथ ही वह गर्भवती होने में कम ही रूचि लेती हैं। उनकी यह बात बच्चों के झमेले से दूर रखता है।

विंस्टन चर्चिल– लेख के अनुसार, ब्रिटेन के प्रधानमंत्री विंस्टन चर्चिल निर्विवादित रूप से इतिहास के प्रसिद्ध राष्ट्रीय नेताओं में से एक थे। लेकिन नंगे होकर घूमना च‌र्चिल की सबसे खराब आदत थी। उनका व्यक्तिगत स्टाफ ही नहीं बल्कि फ्रैं‌कलिन डी रूजवेल्ट और उनके बेटे इलियट भी इसके गवाह रहे हैं। एक बार इलियट जब उनसे मिलने गए थे तब चर्चिल नंगे होकर सिगार पीते हुए अपनी महिला सचिव को एक पत्र लिखा रहे थे।

चार्ली चैपलिन– यह बेवसाइट मूक फिल्मों के हास्य कलाकार चार्ली चैपलिन के बारे में लिखती है कि उन्होंने हर उस सिंगल महिला के साथ सेक्स करने की कोशिश की थी जो पहली बार उनसे मिली थी और उनसे उसका पहले कोई संबंध नहीं रहा हो। वह अपने सह कला‌कार फैटी अर्बुकल के साथ भोग विलास वाली पार्टियां आयोजित किए थे। कथित तौर पर चैपलिन ने ही प‌हली बार कास्टिंग काउच की शुरुआत की थी।

लॉर्ड विरॉन– यूरोप के स्वच्छंदतावाद आंदोलन के अग्रणी लोगों में लॉर्ड विरॉन का भी नाम आता ‌है। लेख में कहा गया है कि उनमें अपनी सौतेली बहन के साथ-साथ दुनिया के किसी भी व्यक्ति के साथ सेक्स करने की प्रवृत्ति थी।


इसे भी पढ़ सकते हैं-

गांधीजी की सेक्स लाइफ

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *