आसाराम का बेटा नारायण सांई आश्रम में रंगरेलियां मनाते रंगे हाथ पकड़ा गया था

आसाराम के ख़िलाफ़ बुधवार 21/08/13 को दिल्ली में एक नाबालिग़ लड़की ने यौन शोषण का आरोप लगाते हुए केस दर्ज कराया है। यह पहली बार नहीं है कि आसाराम को आरोपों का सामना करना पड़ रहा है। यह आसाराम पर कोई पहला आरोप नहीं है। उन पर पहले भी हत्या, भूमि हथियाने और मीडियाकर्मियों से बदतमीज़ी करने के आरोप लगे हैं। निरंतर यौन उत्पीड़न के आरोप लगते रहे हैं लेकिन हर बार यह ढोंगी किसी न किसी तरह बच जाता है।

पाखंडी आसाराम ने दावा किया कि युवती के ऊपर आत्मा सवार थी, जिसके इलाज के लिए उसे लाया गया था। उन्होंने कुछ भी गलत काम नहीं किया है। अधर्मी, पाखंडी, दुष्चरित्र आसाराम साधू वेश में शैतान है। आसाराम की ही तरह इनका बेटा नारायण सांई भी भोपाल बैरागढ़ के आश्रम में महिलाओं के साथ रंगरेलियां मनाते रंगे हाथ पकड़ा गया था लेकिन कानूनों कार्यवाही क्या हुई – किसी को पता नहीं चला।

आसाराम के विभिन्न आश्रमों में छात्र छात्राओं से व्यभिचार किये जाने के कई मामले अब तक प्रकाशित हो चुके हैं। इसके अलावा छात्रों को रहस्यात्मक तरीके से मौत के घाट उतार देने के भी कई मामले प्रकाश में आ चुके हैं जिनमें मध्यप्रदेश का छिन्दवाडा आश्रम सबसे आगे है। शैतान आसाराम बड़ी सूक्ष्मता व चालाकी से कार्य करता है। वह लोगों को प्रभावित करने और उनके भीतर अपनी पैठ बनाने के लिए उनके कमज़ोर बिन्दुओं और उन चीज़ों का प्रयोग करता है जिसके बारे में वे अधिक ललक दिखाते हैं जैसे आकांक्षा, अभिलाषा, धन दौलत, संतान, पद और इस जैसी दूसरी वस्तुओं की चाहत।

यह मान और नैतिकता के मार्ग से निकल जाना तथा अन्याय करना, शैतान के ही अनुसरण के स्पष्ट चिन्ह हैं। विशेषकर आज की तथाकथित सभ्य दुनिया में कि हम एक प्रकार की आधुनिक अज्ञानता के शिकार हैं। जरूरी है कि इस अधर्मी, पाखंडी, दुश्चरित्र व्यक्ति पर उक्त तमाम आरोपों की गहरी छानबीन और जांच हो और सख्त सजा इसे दी जावे। शैतान का अनुसरण करने वाले विभिन्न गुटों व समुदायों का अस्तित्व और चमक- दमक में डूब जाना शैतानी अनुसरण के दूसरे चिन्ह हैं। लोगों को बहकाने की शैतान की एक महत्वपूर्ण चाल है, चाहत व सीमारहित इच्छा। शैतान जानता है कि यदि मनुष्य के भीतर घुसने का कोई मार्ग नहीं होगा तो वह लोगों को नहीं उकसा सकता। लोगों के भीतर चाह व मोह की भावना ही शैतान के प्रवेश का द्वार है। मनुष्य की बर्बादी व पतन का एक कारण पूर्णरूप से शैतान का अनुसरण है।

शेख मोहम्मद

तिमारपुर
दिल्ली
shaikhmoh786@yahoo.com

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