इटावा से पत्रकारिता करने वाले वरिष्ठ पत्रकार सुभाष त्रिपाठी इस बार देश के सबसे बड़े हिन्दी दैनिक समाचार पत्र नवभारत टाइम्स में शामिल हो गए हैं. सुभाष इटावा कि पत्रकारिता में किसी परिचय के मोहताज नहीं हैं. आज, स्वतन्त्र भारत, हिंदुस्तान, कैनविज टाइम्स, कल्पतरू टाइम्स आदि अखबारों में वे काम कर चुके हैं.
समाजवादी पार्टी के गढ़ कहलाने वाले इटावा व इसके आसपास के पांच-सात जिलों में उनका कोई सानी नहीं रहा है. सुभाष ने अखिलेश यादव का बचपन में एक इंटरव्यू लिया था. सुभाष त्रिपाठी से कल्पतरू के मालिकों ने पत्रकारिता के अतिरिक्त अपने कामों के लिए जब जोर डाला तो उन्होंने उस अखबार के चीफ रिपोर्टर पद से इस्तीफा दे दिया.
पत्रकारिता को मालिकों के व्यवसाय का अस्त्र बनाने से इंकार करने का खामियाजा उन्होंने जीवन भर उठाया. अपने पत्रकारिता जीवन में शुचिता को अपना असलहा बनाये रखने वाले त्रिपाठी को इटावा, मैनपुरी, औरैया, जालौन, एटा, फिरोजाबाद की राजनीतिक और अन्य ख़बरों के प्रस्तोता के रूप में नवभारत टाइम्स में शामिल किया गया है.
इटावा से अरविंद की रिपोर्ट.






