चंडीगढ़ : जनता टीवी पर हरियाणा में अघोषित बैन लग गया है। हरियाणा सरकार अपने खिलाफ चलाई जा रही खबरों के चलते इस चैनल से नाराज है। इस वजह से पूरे हरियाणा में इस चैनल को बंद करने के निर्देश दे दिए गए हैं और हरियाणा के सभी केबल आपरेटर्स ने इन निर्देशों को मानते हुए इस चैनल का प्रसारण बंद कर दिया है। यह कोड़ा उस हुड्डा सरकार ने चलाया है, जो मीडिया फ्रेंडली होने का दावा करती है और इन दिनों सरकार के गुणगान के विज्ञापन हर चैनल पर धड़ाधड़ चल रहे हैं।
जनता टीवी ने पिछले कुछ समय में हरियाणा में अपनी एक अलग पहचान बनाने की दिशा में कदम बढाया है। इस चैनल पर ज्यादातर हरियाणा से संबंधित समाचार प्रसारित किए जाते हैं। फिलहाल हरियाणा का यही एकमात्र ऐसा चैनल है जिस पर हुड्डा सरकार के साथ-साथ विपक्षी पार्टियों के समाचारों का भी जमकर प्रसारण किया जा रहा है। पिछले कुछ समय से तो चौटाला की पार्टी से संबंधित समाचारों को प्रमुखता दी गई। चैनल पर बोल फ्री-बोलने की आजादी कार्यक्रम भी प्रसारित किया जाता है। जिसमें आम आदमी अपनी बात कहता है, वह चाहे सरकार के खिलाफ हो या फिर प्रशासन के। प्रशासन भी तो हुड्डा सरकार का है। प्रशासनिक अधिकारी इन्हीं के चहेते हैं। लगता है यही हुड्डा सरकार की नाराजगी का भी कारण है। हालांकि साथ ही साथ हुड्डा सरकार और कांग्रेस पार्टी को भी यह चैनल अपने बुलेटिन में पूरा स्थान देता है लेकिन इससे कहां बात बनने वाली है।
हरियाणा में चल रहे बाकी अन्य चैनल तो पूरी तरह हुड्डा के भोंपू बने हुए हैं। चाहे वह अंबाला के कांग्रेसी विधायक विनोद शर्मा का इंडिया न्यूज हरियाणा चैनल हो या फिर गोपाल कांडा का हरियाणा न्यूज चैनल। यह दोनों चैनल तो हुड्डा का खूब गुणगान करते हैं। एक समय हरियाणा न्यूज चैनल चौटाला का खास था तब इसके मालिक जेके जैन थे। वहीं, जनता टीवी चैनल के चेयरमैन वीरेंद्र राणा और वाइस प्रेजीडेंट गुरबिंदर सिंह हैं।
अब हुड्डा सरकार के खिलाफ बोलने का तो यही हश्र होना था। कुछ समय पहले ही इस चैनल पर भी हुड्डा सरकार के गुणगान वाले विज्ञापन चलने शुरू हुए हैं। अब ऐसे में कोई चैनल खिलाफत के समाचार दिखाए तो यह कहां बर्दाश्त होने वाली बात है। इसलिए हुड्डा के किसी सलाहकार ने यह सलाह दे दी लगती है कि विज्ञापन भी ले रहे हैं और खिलाफ में भी चला रहे हैं तो चैनल क्यों चले। बस फिर क्या था, तुरंत ही जनता टीवी चैनल हरियाणा में बंद करवा दिया गया है। दरअसल हुड्डा सरकार चाहती है कि अगर कोई चैनल खबर दिखाए तो सिर्फ उन्हीं की और उनके हक की, खिलाफ दिखाने की इजाजत नहीं है।
पुलिस थाना और चौकी को दिए जाते हैं निर्देश
यह इस हुड्डा सरकार का नया चलन है। जब भी कोई चैनल खिलाफ खबर दिखाए, उसे बंद करवा दे। सरकार ने केबल आपरेटर्स के जरिए चल रहे चैनल को बंद करवाने का एक नया तरीका अपनाया है। जिस भी चैनल को बंद करवाना हो, वहां के संबंधित पुलिस थाना और पुलिस चौकी को निर्देश दे दिए जाते हैं। फिर वह संबंधित थाना या चौकी उस क्षेत्र में केबल का धंधा चलाने वालो चैनल बंद करने के लिए कह देता है और तुरंत ही चैनल बंद हो जाता है। यह पहली बार नहीं है कि हरियाणा में किसी चैनल पर हरियाणा सरकार की ओर से इस प्रकार बैन लगाया गया हो। इससे पहले हरियाणा न्यूज चैनल और टोटल टीवी पर भी बैन लग चुका है। हरियाणा न्यूज पर जब बैन लगा था तब इस चैनल का मालिक जेके जैन था, जो चौटाला का नजदीकी रहा है। हालांकि उसने हुड्डा से भी फायदा उठाया।
दीपक खोखर की रिपोर्ट





