अदालत ने जी न्यूज के मालिक व संपादकों की उस याचिका को खारिज कर दिया, जिसमें उन्होंने जिंदल स्टील द्वारा दायर की गई मानहानि के मुकदमे को खारिज करने का आग्रह किया था। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश धर्मेश शर्मा ने याचिका पर सुनवाई करते हुए कहा कि जांच जारी है और प्रथम दृष्टया स्पष्ट है कि अभियुक्तों ने याची जिंदल स्टील प्राइवेट लिमिटेड की प्रतिष्ठा नष्ट करने का प्रयास किया।
कोर्ट ने आगे कहा कि इस स्थिति में उनकी पुनर्विचार याचिका स्वीकार नहीं की जा सकती। उल्लेखनीय है कि जिंदल स्टील ने कोल आवंटन घोटाला मामले में जी न्यूज द्वारा लगाए गए आरोपों तथा दिखाए गए खबर को आधार बनाकर मानहानि का मुकदमा दायर किया था। अदालत ने इस मामले में जी न्यूज के चेयरमैन सुभाष चंद्रा, उनके बेटे पुनीत गोयनका, संपादक सुधीर चौधरी, समीर अहलूवालिया के खिलाफ समन जारी किया था।
चैनल के मालिकों सहित सभी ने फैसले पर पुनर्विचार याचिका दायर की थी, जिसे कोर्ट ने खारिज कर दिया। इसके पहले एक अदालत ने हाल ही में जी न्यूज के संपादक सुधीर चौधरी की धोखाधड़ी के एक मामले में अग्रिम जमानत अस्वीकार कर दी थी। जी न्यूज तथा उसके मालिकों व संपादकों पर आरोप है कि आरोपियों ने जिंदल स्टील से 100 करोड़ रुपये की उगाही करने के लिए ही कैग की रिपोर्ट को तोड़ मरोड़कर उनके खिलाफ खबरें चलाईं थीं।





