डिप्टी एसपी हत्याकांड में न्यूज चैनलों की रिपोर्ट निष्पक्ष थी : एनबीएसए

डिप्टी एसपी जिया उल हक़ हत्याकांड में राजा भैया के सम्बन्ध में विभिन्न टेलीविजन चैनलों पर प्रसारित समाचारों के बारे में सामाजिक कार्यकर्ता डॉ. नूतन ठाकुर द्वरा दी गयी शिकायत पर न्यूज़ ब्रॉडकास्टिंग स्टैंडर्ड्स अथॉरिटी (एनबीएसए) ने सुनवाई करने के बाद यह निष्कर्ष निकाला है कि प्रसारण में कोई पक्षपात नहीं किया गया था. एनबीएसए की सेक्रेटरी जनरल ऐनी जोसेफ ने डॉ ठाकुर को भेजे पत्र दिनांक 16 अक्टूबर में कहा है कि एनबीएसए ने 18 सितम्बर की अपनी बैठक में चार न्यूज़ चैनलों के उत्तर को देखने के बाद यह पाया कि इस सम्बन्ध में किसी अग्रिम कार्रवाई की आवश्यकता नहीं है.

डॉ. ठाकुर ने अपने पत्र में कहा था कि डिप्टी एसपी हत्याकांड में विभिन्न न्यूज़ चैनलों ने राजा भैया के सम्बन्ध में जो खबरें प्रस्तुत की हैं वे निष्पक्ष समाचार नहीं दिख कर एकपक्षीय मीडिया ट्रायल की तरह दिखी. उन्होंने उस सम्बन्ध में 05 मार्च 2013 को प्रातः नौ बजे से दस बजे के बीच विभिन्न न्यूज़ चैनल पर आ रहे ब्रेकिंग न्यूज़ के नमूने जैसे “राजा भईया की गिरफ़्तारी कब” , “आरोपी राजा भइया अब तक गिरफ्तार नहीं” , “क्या राजा भइया की होगी गिरफ़्तारी?” “कौन बचा रहा है राजा भैया को?” के आधार पर कहा था कि ये समाचार नहीं हो कर पूर्वानुमान हैं और निष्पक्ष और तटस्थ पत्रकारिता के मापदंडों के प्रतिकूल हैं.

शिकायत की प्रति—

News Broadcasters Association

Complaint Form

Making a Complaint

Before completing this form please ensure that you have read the, Dispute Redressal Guide for viewers. You must complete this form in full, in accordance with the regulations. If you would like further help or advice, please contact the NBA Secretariat on the address provided in the guide book or by e-mail, authority@nbanewdelhi.com

Relevant portions of the Code of Ethics & Broadcasting Standards are available on NBA website.

Details of complaint (Please complete these details in full)

Name of Broadcaster-   एनडीटीवी (हिंदी), एनडीटीवी 24×7 (अंग्रेजी), आइबीएन-7, सीएनएन-आइबीएन, आज तक, हेडलाइंस टुडे, ईटीवी उत्तर प्रदेश, इंडिया टीवी, एबीपी न्यूज़, न्यूज़ 24

(नोट- इस प्रकरण में कई ब्रॉडकास्टर के विरुद्ध एक ही प्रकार की लगभग समान शिकायतें हैं अतः उन्हें अलग-अलग प्रेषित किये जाने के स्थान पर एक साथ प्रस्तुत करना ज्यादा उचित समझ रही हूँ)

Programme Title / Broadcast Item –   दिनांक 04/03/2013 प्रातः से रात्रि लगभग 10 बजे तथा पुनः दिनांक 05/03/2013 को स्वर्गीय जिया उल हक, डिप्टी एसपी, प्रतापगढ़ (उत्तर प्रदेश) से सम्बंधित लगभग सभी न्यूज़ प्रोग्राम तथा अन्य स्पेशल प्रोग्राम

Programme date: dd/mm/yr – दिनांक 04/03/2013 प्रातः से रात्रि लगभग 10 बजे तथा पुनः दिनांक 05/03/2013

Time of Broadcast – इन दोनों दिनों में पूरे दिन भर

Complainant(s)  (Please complete these details in full)

Surname – ठाकुर

First Name Mr. / Mrs. / Ms. – डॉ (श्रीमती) नूतन

Address – 5/426, विराम खंड, गोमती नगर, लखनऊ- 226010 (उत्तर प्रदेश)

Daytime Phone No.: 094155-34525

Mobile No.: 094155-34525

Email (if applicable)— nutanthakurlko@gmail.com, nutanthakurlkw@gmail.com

Fax Number (if applicable) – कोई नहीं

All complaints decided by the Authority may be made publicly available by the Authority, including the name of the complainant. However, in the event a complainant has valid concerns relating to privacy issues in making a complaint, the Authority may in its absolute discretion consider requests from the complainant for anonymity / confidentiality.

Has a complaint already been made to the Broadcaster?- जी हाँ (Yes)

If you have answered yes, please give details:

Here state the substance of the complaint, with all relevant and material facts :

मैं डॉ नूतन ठाकुर लखनऊ स्थित एक सामाजिक कार्यकर्ता हूँ जो विशेषकर प्रशासन में पारदर्शिता और उत्तरदायित्व की दिशा में कार्य करती हूँ. मैंने अपने पत्र संख्या- NT/ZUH/NBA/01 दिनांक-05/03/2013 के माध्यम से ईमेल authority@nbanewdelhi.com पर एक युवा और उत्साही डिप्टी एसपी श्री जिया उल हक की दिनांक 02/03/2013 (शनिवार) को कुंडा क्षेत्र, जनपद प्रतापगढ़, उत्तर प्रदेश में हुई हत्या हो और उसके बाद शहीद डिप्टी एसपी की पत्नी सुश्री परवीन आज़ाद द्वारा धारा 302  आईपीसी सहित विभिन्न धाराओं में दर्ज एफआईआर, जिसमें अन्य लोगों के अलावा उत्तर प्रदेश के पूर्व मंत्री श्री राजा भैया भी 120बी आईपीसी में षडयंत्र करने के दोषी बताए गए थे, के सम्बन्ध में दिनांक 04/03/2013 प्रातः से रात्रि लगभग 10 बजे तथा पुनः दिनांक 05/03/2013 को विभिन्न न्यूज़ चैनल एनडीटीवी (हिंदी), एनडीटीवी 24×7 (अंग्रेजी), आइबीएन-7, सीएनएन-आइबीएन, आज तक, हेडलाइंस टुडे, ईटीवी उत्तर प्रदेश, समाचार प्लस, इंडिया न्यूज़, इंडिया टीवी, एबीपी न्यूज़, न्यूज़ 24 आदि पर प्रस्तुत खबरों के विषय में सीधे नेशनल ब्रॉडकास्टर एसोसियेशन को शिकायत भेजा था.

मैंने कहा था कि जिस प्रकार से उपरोक्त वर्णित सभी न्यूज़ चैनलों ने इस सामाचार में श्री राजा भैया के सम्बन्ध में खबरें प्रस्तुत की हैं वे निष्पक्ष समाचार नहीं दिख कर एकपक्षीय समाचार जान पड़ते हैं. यह मीडिया ट्रायल का महत्वपूर्ण उदाहरण बन कर सामने आता है. इन न्यूज़ चैनलों को देख कर ऐसा लगता है मानो इनकी कोई नैतिक, विधिक और सामाजिक जिम्मेदारी हो कि श्री राजा भैया तत्काल दण्डित कर दिये जाएँ.  
मैंने दिनांक 05/03/2013 को प्रातः नौ बजे से दस बजे के बीच विभिन्न न्यूज़ चैनल पर आ रहे न्यूज़ हाईलाईट/ब्रेकिंग न्यूज़ के नमूने प्रस्तुत किये थे-
आईबीएन 7- “राजा भईया की गिरफ़्तारी कब , आरोपी राजा भईया अब तक गिरफ्तार नहीं , आरोपी राजा भईया से अब तक पूछताछ नहीं”

आज तक- “राजा भईया की होगी गिरफ़्तारी?”

तेज – क्या राजा भईया की होगी गिरफ़्तारी?”. इसके अतिरिक्त जुर्म का भईया, एक राजा का गुनाह, गुंडे को डर किससे लगता है जैसे हाईलाईट भी लगातार दिखाए गए.

इडिया न्यूज़- “राजा की राजनीति का रक्त चरित्र” नामक एक समाचार दिखाया गया जो पिछली तारीख को भी दिखाया गया था  

इंडिया न्यूज़- “राजा भैया आज गिरफ्तार होंगे?” “परसों एफआईआर, कल इस्तीफा, आज गिरफ्तार” “कौन बचा रहा है राजा भैया को?”

CNN-IBN- “Akhilesh Promises Slain DSP’s Kin Of Arrest “, Will Akhilesh Keep Promise” “Will Raja Bhaiya Be Arrested?”

Headlines Today-“Will Raja Bhaiya be arrested?”
 न्यूज़ 24- “सलाखों के पीछे जायेंगे राजा भईया”

NDTV 24×7- “Will Raja Bhaiya be arrested?”

उपरोक्त सभी न्यूज़ हाईलाईट के आधार पर मैंने कहा था कि इससे साफ़ दिखता है कि ये समाचार नहीं हो कर पूर्वानुमान हैं और अपने मंतव्य हैं. इन खबरों से ऐसा माहौल बनता है कि चूँकि श्री राजा भैया समाज के लिए हर प्रकार से अवांछनीय हैं, बहुत गलत आदमी हैं और अपराधी हैं, अतः उन्होंने निश्चित रूप से यह अपराध भी किया होगा. अतः इन खबरों में श्री राजा भैया को साफ़ तौर पर इस हत्याभियोग का अभियुक्त और दोषी बता दिया जा रहा है. एक प्रकार से यह तय कर दिया जा रहा है कि चूँकि श्री राजा भैया का बहुत पुराना आपराधिक इतिहास है, अतः वे इस मामले में भी निश्चित रूप से ही अभियुक्त और दोषी होंगे. यदि अभियुक्त और दोषी हैं तो उनकी तत्काल गिरफ़्तारी होनी चाहिए. इसके विपरीत विधिक स्थिति मात्र यह है कि अभी इस मामले में एफआईआर दर्ज किया गया है. एफआईआर करने वाली शहीद डिप्टी एसपी की पत्नी ने श्री राजा भैया को षडयंत्र का दोषी बताया है. वे इस मामले में श्री राजा भैया को ही पूरी तरह दोषी और जिम्मेदार मान रही हैं. चूँकि शहीद की पत्नी ऐसे गंभीर आरोप लगा रही हैं, अतः इसे बहुत ही गम्भिता और तत्परता से लिया जाना चाहिए. पर इसका यह अर्थ कदापि नहीं लगा लेना चाहिए कि मामले में सभी बातें पूरी तरह साफ़ हो गयी हैं. मीडिया, विशेषकर इलेक्ट्रौनिक मीडिया जिसमे उपरोक्त वर्णित न्यूज़ चैनल भी शामिल हैं, को यह चाहिए कि मामले की निष्पक्ष विवेचना की प्रतीक्षा करें, ना कि अपनी तरफ से ही विवेचना कर के किसी व्यक्ति को कातिल और अभियुक्त घोषित कर दें.

मैंने कहा था कि बहुत संभव है कि कल को विवेचना में श्री राजा भैया दोषी पाए जाएँ और उनकी गिरफ़्तारी भी हो पर इलेक्ट्रौनिक मीडिया द्वारा निष्पक्ष प्रस्तुति को त्याग कर अपने स्तर से जज और निर्णायक की भूमिका में आ जाना और श्री राजा भैया के विरुद्ध एक प्रकार का कैम्पेन प्रारम्भ कर देना निष्पक्ष और तटस्थ पत्रकारिता के मापदंडों के प्रतिकूल दिखता है. इन समाचारों से यह स्पष्ट आभास होता है कि मीडिया (उपरोक्त न्यूज़ चैनल सहित) चाहती है कि श्री राजा भैया दोषी हों और उनकी यथाशीघ्र गिरफ़्तारी हो.

मेरा निवेदन था कि यह स्थिति मात्र इसीलिए खतरनाक है क्योंकि यदि बाद में खुदा-ना-खास्ता विवेचना के बाद यह बात सामने आती है कि श्री राजा भैया इस मामले में दोषी नहीं थे, तो यह उनके साथ तो अन्याय होगा ही, निष्पक्ष पत्रकारिता पर भी एक प्रश्नचिन्ह बन कर खड़ा हो जाएगा. अतः संभवतः उचित यह होता कि न्यूज़ चैनल सभी तथ्य उन व्यक्तियो की बानगी प्रस्तुत करते जो ऐसी बातें कह रहे हैं और उसके साथ ही दूसरे पक्ष को भी अपनी बात कहने का पूरा अवसर देते और उनकी बात भी उसी प्रमुखता से प्रस्तुत करते ताकि दर्शकों के सामने सारी बातें तथ्यात्मक रूप से सामने आ पाती और मीडिया के जज बन जाने की स्थिति नहीं दिखती.

मैंने इस सम्बन्ध में ब्रॉडकास्टर एसोसियेशन द्वारा बनाए गए Code of Ethics and Broadcasting standards के भाग-एक और भाग- दो के निम्न महत्वपूर्ण अंश प्रस्तुत किये थे-
SECTION – 1

FUNDAMENTAL PRINCIPLES

4) Broadcasters shall, in particular, ensure that they do not select news for the purpose of either promoting or hindering either side of any controversial public issue. News shall not be selected or designed to promote any particular belief, opinion or desires of any interest group.

6)Broadcasters shall ensure a full and fair presentation of news as the same is the fundamental responsibility of each news channel. Realizing the importance of presenting all points of view in a democracy, the broadcasters should, therefore, take responsibility in ensuring that controversial subjects are fairly presented, with time being allotted fairly to each point of view. Besides, the selection of items of news shall also be governed by public interest and importance based on the significance of these items of news in a democracy

 Section 2

Principal of Self Regulations

1)Impartiality and objectivity in reporting: Accuracy is at the heart of the news television business. Viewers of 24 hour news channels expect speed, but it is the responsibility of TV news channels to keep accuracy, and balance, as precedence over speed. If despite this there are errors, channelsshould be transparent about them. Errors must be corrected promptly and clearly, whether in the use ofpictures, a news report,

a caption, a graphic or a script. Channels should also strive not to broadcast anything which is obviously defamatory or libelous. Truth will be a defense in all cases where a larger public interest is involved, and in even these cases, equal opportunities will be provided for individuals involved to present their point of view.

2) Ensuring neutrality: TV News channels must provide for neutrality by offering equality for all affected parties, players and actors in any dispute or conflict to present their point of view. Though neutrality does not always come down to giving equal space to all sides (news channels shall strive to give main view points of the main parties)news channels must strive to ensure that allegations are not portrayed as fact and charges are not conveyed as an act of guilt

अतः मैंने उपरोक्त के दृष्टिगत निवेदन किया था कि दिनांक 02/03/2013, 03/03/2013 और विशेषकर दिनांक 04/03/2013 तथा दिनांक 05/03/2013 को उपरोक्त न्यूज़ चैनल में स्वर्गीय जिया उल हक तथा श्री राजा भैया से जुडी खबरों के विषय में अपने स्तर से अवलोकन/जांच कर के एक सम्यक मंतव्य बनाए जाने की कृपा करें और यदि मेरे द्वारा कही गयी बातें और दृष्टिकोण सही साबित होते हैं तो इन निम्न कार्यवाही किये जाने की कृपा करें-

1. इन सभी न्यूज़ चैनलों को मेरे इस पत्र के सन्दर्भ में इन खबरों में निष्पक्षता, प्रामाणिकता और तटस्थता नहीं बनाए रखने के विषय में अपने स्तर से भूल-सुधार नोटिस जारी कर दर्शकों को अवगत कराने के निर्देश निर्गत करने की कृपा करें.

2. सभी सम्बंधित न्यूज़ चैनलों को मेरे इस पत्र के सन्दर्भ में भविष्य में अपनी खबरों में निष्पक्षता, प्रामाणिकता और तटस्थता बनाए रखने के विषय में एडवाईजरी निर्गत करने की कृपा करें जिनमे यह बात अंकित हो कि मात्र पुरानी खराब छवि आदि के आधार पर आपराधिक मामलों में सहभागिता के विषय में पूर्वानुमान/मंतव्य स्थापित कर मीडिया ट्रायल करने के स्थान पर निष्पक्ष तथ्यपरक समाचार प्रसारित किये जाएँ

3. सभी सम्बंधित न्यूज़ चैनलों को मेरे इस पत्र के सन्दर्भ में भविष्य में आपराधिक मामलों में बिना पर्याप्त अभिलेखीय, मौखिक तथा अन्य साक्ष्य के कोई अंतिम निष्कर्ष निकाल कर एक्टिविस्ट जर्नलिज्म किये जाने की प्रवृत्ति से बचने की एडवाईजरी निर्गत करने की कृपा करें

कोई जवाब नहीं आने पर मैंने पुनः इस सम्बन्ध में दिनांक 06/03/2013 को ब्रॉडकास्टर एसोसियेशन को ईमेल भेज कर जानकारी ली थी कि चूँकि मैंने एसोसियेशन को शिकायत भेजी है, तो क्या वह शिकायत स्वीकार्य होगी अथवा मुझे अलग-अलग सभी चैनलों से संपर्क करना होगा.

मुझे इस सम्बन्ध में ब्रॉडकास्टर एसोसियेशन की ओर से दिनांक 08/03/2013 को सुश्री एनी का मेल प्राप्त हुआ है जिसमे मुझे अलग-अलग संपर्क करते हुए उन्हें भी प्रतिलिपि देने के निर्देश दिये गए. तब मैंने इसके क्रम में एनडीटीवी हिंदी और एनडीटीवी अंग्रेजी न्यूज़ चैनलों को  दिनांक 09/03/2013 को ईमेल atimam@ndtv.com  तथा दिनांक 11/03/2013 को पुनः ईमेल AjayM@ndtv.com , आइबीएन सेवेन तथा सीएनएन-आइबीएन न्यूज़ चैनलों को दिनांक 09/03/2013 को ईमेल editor@ibnlive.com तथा दिनांक 11/03/2013 को पुनः ईमेल Kshipra.jatana@network18online.com,  आजतक और हेडलाइंस टुडे न्यूज़ चैनलों को दिनांक 09/03/2013 को ईमेल  wecare@intoday.com तथा दिनांक 11/03/2013 को पुनः ईमेल  puneet.jain@aajtak.com,  ईटीवी उत्तर प्रदेश को दिनांक 09/03/2013 को ईमेल info@etv.co.in तथा दिनांक 11/03/2013 को पुनः ईमेल gvsjrao@eenadu.net,  इंडिया टीवी चैनल को दिनांक 09/03/2013 को ईमेल  lakshmanaswamy@indiatvnews.com तथा दिनांक 11/03/2013 को पुनः ईमेल hemantsharma@indiatvnews.com, एबीपी न्यूज़ चैनेल को दिनांक 09/03/2013 को ईमेल ashokv@starnews.co.in तथा दिनांक 11/03/2013 को पुनः ईमेल anandl@starnews.co.in,  न्यूज़24 चैनल को दिनांक 09/03/2013 को ईमेल info@news24online.com  तथा दिनांक 11/03/2013 को पुनः ईमेल complaint@news24online.com, पर नेशनल ब्रॉडकास्टर एसोसियेशन को प्रेषित अपनी शिकायत/सुझाव की प्रति तथा इस सम्बन्ध में हुए समस्त पत्राचारों की प्रति तत्काल  संज्ञान में ले कर आवश्यक कार्यवाही किये जाने हेतु पर प्रेषित किया. मैंने उसी समय इन सभी ईमेल की प्रति ब्रॉडकास्टर एसोसियेशन को उसके ईमेल nba@nbanewdelhi.com पर भी प्रेषित किया.

अभी तक मुझे इन दोनों चैनलों की ओर से कोई भी उत्तर नहीं मिला है.

Any correspondence and reply relating to this complaint should be attached to this form.

मुझे complaint@news24online.com ईमेल से लगभग तत्काल 11 मार्च  2013 को समय 15:51 पर एक जवाब आया-“Dear Viewer, Thank you for the email. As a responsible stake holder of the news broadcasting fraternity, we value your feedback and are committed to the laws of India. We shall peruse your email and initiate appropriate measures, if necessary. Regards, News 24 Broadcast India Limited.”

इसके अलावा मुझे इंडिया टीवी की तरफ से ईमेल hemantsharma@indiatvnews.com द्वारा दिनांक 13 मार्च 2013 समय 19:12 पर एक उत्तर मिला-“Dear Ms. Nutan Thakur

Thank you for writing to India Tv.

We, at India Tv take our responsibilities as a news channel very seriously, and make every effort to ensure that the content of our programmes is not only within the four corners of law but is also meaningful and socially relevant, keeping in view the sensitivities, preferences and demands of our viewers. Our channel also follows the guidelines issued by the NBA very strictly.

The news item for which you are concerned was based on the information and facts released by the Police Department, the Uttar Pradesh Government and such other reliable sources. As a news channel it was our duty to share with the public all the information relevant to and for the interest of the general public. Our news programme on the subject was balanced and was not targeted against any one person. The widow of the slain DSP had made certain allegations against the UP Minister and it was our duty to inform the general public and our viewers of the same.

We hope that your concerns are addressed  and that you will continue to watch our programmes.

sincerely

Hemant Sharma
Director News”

अभी तक मुझे इन दोनों चैनलों के अलावा किसी भी अन्य चैनल की ओर से कोई भी उत्तर नहीं मिला है. इनमे से पहला ईमेल मात्र प्राप्ति सम्बंधित है और उस पर कोई टिप्पणी करने का कोई मतलब ही नहीं है. इंडिया टीवी का उत्तर है कि उन्होंने निष्पक्ष समाचार ही दिखाया है जो उत्तर प्रदेश पुलिस, उत्तर प्रदेश सरकार और अन्य जानकार सूत्रों पर आधारित था. यह किसी व्यक्ति की ओर इंगित नहीं था. स्वर्गीय डिप्टी एसपी की पत्नी ने जो आरोप लगाए थे वह दिखाना उनका कर्तव्य था.

मैं इस उत्तर से कदापि संतुष्ट नहीं हूँ क्योंकि मेरी मुख्य शिकायत इन खबरों की पक्षधरता और पक्षपातपूर्ण प्रस्तुति से है जो बहुधा तथ्यों और प्राप्त खबरों पर आधारित नहीं हो कर अनुमान पर आधारित थे और कई बार अपनी इच्छा/मर्जी तथा अनुमान से भविष्य की बातें इस प्रकार प्रस्तुत कर रहे थे जो निश्चित रूप से एक व्यक्ति के प्रति आक्रामक थे. इनका स्वरुप ऐसा था जो प्राधिकारियों के कार्यों और उनकी सोच को भी प्रभावित करने में सहायक थे और इस रूप में भी निष्पक्ष पत्रकारिता के विपरीत थे.

Is the matter complained of the subject of any proceedings in a court of law or other Tribunal or Statutory Authority?  (जी नहीं) No

Declaration to be given as per Regulation 8.4

The facts stated in the complaint are true and correct to the best of my  knowledge and belief. I have placed all relevant facts before the Authority and have not concealed any material facts ; I confirm that no proceedings are pending in any Court of law or other Tribunal or Statutory Authority in respect of the subject matter complained of before the Authority ;

I  shall inform the Authority forthwith if during the pendency of the inquiry before the Authority the matter alleged in the complaint becomes the subject-matter of any proceedings in a Court of law or other Tribunal or Statutory Authority.

Signature(s) – नूतन ठाकुर
Date – 29/03/2013
नोट- मैं यह शिकायत यहाँ ईमेल से भेज रही हूँ और साथ ही इसे हार्ड कॉपी के रूप में पत्र द्वारा भी प्रेषित करुँगी.
 

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