अमृतसर : दी चंडीगढ़ पंजाब यूनियन ऑफ जर्नलिस्ट की हुई बैठक में सर्वसम्मति से फैसला लिया गया है कि पंजाब सरकार पर दबाव बनाया जाए कि पत्रकारों को बुढ़ापा (वृद्धा) पेंशन दी जाए। एसोसिएशन के अध्यक्ष जसबीर सिंह पट्टी ने कहा कि 58 वर्ष तक की आयु तक पत्रकारिता करने वाले पत्रकार को पंजाब सरकार कम से कम इतनी पेंशन जरूर दे जिससे उसका जीवन निर्वाह हो सके।
उन्होंने कहा कि पत्रकार अपनी जान जोखिम में डालकर समाज की सेवा करते हैं और लोकतंत्र में पत्रकारिता को चौथा स्तंभ माना जाता है लेकिन पंजाब सरकार की तरफ से पत्रकारों की सामाजिक सुरक्षा संबंधी कोई प्रावधान नहीं किया गया है। उल्टा राजनीतिज्ञ व अफसरशाही पत्रकारों को दबाने के लिए हर संभव प्रयास करते हैं। यहां तक कि पत्रकारों पर झूठे पर्चे करवाए जाते हैं और पत्रकारों के कत्ल तक कर दिए जाते हैं।






