: विधानसभा चुनाव में ‘आप’ के खिलाफ स्टिंग के मामले को पार्टी को बदनाम करने की कोशिश बताया: नई दिल्ली। आपराधिक मानहानि मामले में आम आदमी पार्टी (आप) के सदस्य ने बुधवार को अदालत में बयान दर्ज कराए। पंकज ने अदालत को बताया कि यह स्टिंग पार्टी को बदनाम करने के लिए किया गया था, जबकि उसमें ऐसा कहीं नहीं था कि प्रत्याशियों ने फंड के रूप में पैसे मांगे हों। इस स्टिंग से छेड़छाड़ कर कुछ मुख्य अंशों को हटाकर उसका रूप बदल दिया गया व इंडिया न्यूज ने उसे इस तरह दिखाया जैसे उनके प्रत्याशी व नेता भ्रष्टाचार में लिप्त हैं।
पटियाला हाउस अदालत स्थित मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट आकाश जैन के सामने शिकायतकर्ता व आप पार्टी के संगम विहार से प्रत्याशी रहे दिनेश मोहनिया ने पंकज को बतौर गवाह पेश किया। पंकज ने कहा कि इंडिया न्यूज चैनल पर जिस प्रकार ‘आप’ नेताओं पर फंड लेने का आरोप लगा, उससे पता चलता है कि पार्टी की छवि को नुकसान पहुंचाने का प्रयास किया गया है। अब मामले में अगली सुनवाई 23 जुलाई को होगी। याचिका में स्टिंग ऑपरेशन करने वाले मीडिया सरकार के सीईओ, इंडिया न्यूज चैनल के सीईओ व मुख्य संपादक के खिलाफ मानहानि का मुकदमा चलाने का आग्रह किया गया है। याची ने आरोप लगाया कि इन लोगों ने मिलकर पार्टी व उसके प्रत्याशियों की इमेज को नुकसान पहुंचाने का षड्यंत्र रचा था। उन्होंने कहा कि एक षड्यंत्र के तहत कोंडली से प्रत्याशी मनोज, संगम विहार से दिनेश मोहनिया, ओखला से इरफान उल्लाह खान, रोहताश नगर से मुकेश हुड्डा, पालम से भावना गौड़ व देवली से प्रकाश के अलावा कुमार विश्वास का स्टिंग किया गया था।





