खबर है कि कुछ रोज पहले महुआ के फिल्म सिटी स्थित आफिस पर माइक्रोसाफ्ट के अधिकारियों ने छापा मारा. इन लोगों ने बाकायदा कोर्ट से छापेमारी का आदेश ले रखा था. इन लोगों को पुख्ता सूचना मिली थी कि महुआ में जो कंप्यूटर इस्तेमाल किए जा रहे हैं, उसमें माइक्रोसाफ्ट के पायरेटेड वर्जन का यूज किया जा रहा है. यानि माइक्रोसाफ्ट का प्रोग्राम खरीद कर नहीं यूज किया जा रहा बल्कि दो नंबर का काम किया जा रहा.
छापेमारी की खबर सुनकर महुआ के लोग सकते में आ गए. माइक्रोसाफ्ट वालों ने कई कंप्यूटरों से हार्ड डिस्क वगैरह निकलवा लिया. इस कारण कई दिन तक महुआ में सामान्य कामकाज प्रभावित रहा. महुआ से जुड़े एक वरिष्ठ अधिकारी ने छापेमारी की पुष्टि करते हुए कहा कि यह रुटीन किस्म का निरीक्षण था.
उधर, एक अन्य जानकारी के मुताबिक महुआ ग्रुप की आर्थिक हालत दिनोंदिन खस्ता होती जा रही है. कई तरह के विवादों में फंसे चैनल के प्रमोटर्स किसी भी तरीके से मार्केट से पैसा उगाहने की फिराक में है. इसके लिए कई तरह के माडलों पर काम चल रहा है. चर्चा है कि जल्द ही मुहआ के सभी चैनलों की फ्रेंचाइजी दी जाएगी और इस बहाने मार्केट से कैश फ्लो बढ़ाया जाएगा ताकि महुआ के अंदरखाने चल रहे आर्थिक संकट से इसके मालिकों को निजात मिल सके.






