शीला दीक्षित ने अपने कार्यकाल में तेरह विधेयक केंद्र की मंजूरी के बिना पास कराए थे

Vimal Kumar : शीला दीक्षित ने अपने कार्यकाल में १३ विधेयक केंद्र की मंजूरी के बिना पास कराये थे लेकिन अब एक जन्लोक्पल पास करेने पर केंद्र अडंगा लगा रहा और चैनल उसका साथ दे रहे लोकपाल पर संसद में बहस के दौरान सर्कार ने कहा था कि राज्य सर्कार अपने हिसाब से लोककपाल बनाने के लिए स्वतंत्र है तो फिर केजरीवाल को जनलोकपाल पास करने दो भाई.संसद में भ्रस्त्रचार से जुड़े ७ बी अभी pending हैं. (पत्रकार विमल कुमार के फेसबुक वॉल से.)

Daya Sagar नई सोच ‌की कद्र अक्सर लोग नहीं करते। शुरूआत में तो बिलकुल नहीं। दिल्ली में केजरीवाल सरकार के फैसलों पर देश के बुद्धिजीवियों और राजनीतिक दलों की बेचैनी देख कर इन दिनों सचमुच मजा आ रहा है। अरे वाह अभी बहन जी दिखी टीवी पर। ‌दिल्‍ली में कह रही हैं- लोकतंत्र तानाशाही से नहीं चलता…हा हा हा (पत्रकार दयाशंकर शुक्ल सागर के फेसबुक वॉल से.)

Nadim S. Akhter : सारी बुराई और सारी बड़ाई सिर्फ अरविंद केजरीवाल के लिए, बाकी वाले मोदी, वसुंधरा, चौहान, रमन आदि-अनादि घास चर रहे हैं क्या????!!! जरा उनके बारे में भी खबर छापो-दिखाओ यारों!!!!!! सारे वादे अरविंद केजरीवाल ही पूरे कर देंगे तो बाकी के नेता क्या राजनीति में ता-थैया करने आए हैं???? दिमाग की बत्ती जलाइए, बत्ती मत बनाइए. (पत्रकार नदीम एस. अख्तर के फेसबुक वॉल से.)

Amitabh Thakur : श्री अरविन्द केजरीवाल का निरंतर निंदक रहा हूँ (सही या गलत) और आगे भी यदि ऐसा लगा तो अवश्य बोलूँगा पर क्या कभी इस बात से मैं इनकार कर सकता हूँ कि उन्होंने अनवरत देश और समाज के उन पहलुओं को सफलतापूर्वक सामने लाया है जिन पर ज्यादातर राजनैतिक लोग पर्दा डालने की कोशिश करते रहे थे. लोगों के दिलो-दिमाग को झक-झोड़ना और भ्रष्टाचार और गवर्नेंस जैसे मुद्दों को सामने लाना श्री अरविन्द केजरीवाल की प्रमुख उपलब्धियां हैं जिनकी मुक्त कंठ से प्रशंसा की जानी चाहिए. (आईपीएस अमिताभ ठाकुर के फेसबुक वॉल से)

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