औरंगाबाद। जिलाधिकारी अभय कुमार सिंह, पुलिस अधीक्षक दलजीत सिंह व मीडिया के प्रतिनिधियों के बीच सौहार्दपूर्ण माहौल में रविवार की शाम समाहरणालय के सभाकक्ष में हुई त्रिपक्षीय वार्ता के बाद पत्रकारों ने एसपी की खबरों का बहिष्कार करने के निर्णय को वापस ले लिया। बैठक के दौरान एसपी ने मीडिया के साथ संबंधों को बेहतर बनाने, घायल पत्रकार के प्रति पूरी सहानुभूति रखने व मीडिया को समाचार कवरेज में हर संभव सहयोग देने का भरोसा दिलाया।
पुलिस अधीक्षक ने कहा कि मीडिया लोकतंत्र का चौथा स्तंभ है। हमारी कभी भी मीडिया के प्रति अलगाव की मंशा नहीं रही है। पुलिस प्रशासन मीडिया को हर तरह का सहयोग करने के लिए तैयार है। उन्होंने औरंगाबाद की मीडिया के सामाजिक सरोकारों के प्रति दायित्व का अच्छी तरह से पालन करने के लिए सराहना भी की। एसपी ने कहा कि औरंगाबाद की मीडिया अन्य जिलों से बेहतर है। हमारी गतिविधियों से मीडिया के भावनाओं को यदि ठेस पहुंची हो, तो हम इसके प्रति हम खेद व्यक्त करते हैं। पत्रकार उपेंद्र चैरसिया के साथ हुई वारदात के बाद पुलिस को उनके दुख में शामिल होना चाहिए था। लेकिन, कुछ परिस्थितियां ऐसी थीं कि हम ऐसा नहीं कर सके। इससे पत्रकार बंधुओं को आघात पहुंचा। इसके लिए मैं एक बार फिर खेद व्यक्त करता हूं और उनसे माफ़ी मांगता हूँ… आगे पूरी कोशिश होगी कि ऐसी स्थिति उत्पन्न न हो। शीघ्र ही मैं अस्पताल में जाकर इलाजरत उपेंद्र चैरसिया से मिलूंगा। अगर नहीं जा सका तो मेरे प्रतिनिधि जरूर जायेंगे।
एसपी के द्वारा इस तरह उद्गार व्यक्त करने के बाद पत्रकारों ने नाराजगी समाप्त करने का घोषणा की। बैठक में डीएम व एसपी के अलावा तमाम पत्रकार शामिल थे। पत्रकारों में नव बिहार टाइम्स के संपादक कमल किशोर, वरिष्ठ पत्रकार रवींद्र कुमार रवि, भुपेंद्र सिंह, दैनिक जागरण ब्यूरो सनोज पांडेय, ई टीवी से संजय सिन्हा, आज अख़बार से जितेंद्र सिंह, प्रभात खबर ब्यूरो गोपाल प्रसाद सिंह, राष्ट्रीय सहारा ब्यूरो गणेश कुमार, इंडिया टीवी से किशोर प्रियदर्शी, सहारा समय से संतोष कुमार, आज तक से अभिनेष कुमार सिंह, इंडिया न्यूज़ से धीरज पांडेय, साधना न्यूज़ से वेद प्रकाश राय, केशव कुमार, आईबीएन7 से विपुल कुमार, महुआ न्यूज़ से आकाश कुमार व नक्षत्र न्यूज़ मनोज कुमार सिंह उपस्थित थे।






