: सीबीआई ने चार शूटरों के स्केच बनवाए, पूर्व सांसद गोपाल से कई घंटे पूछताछ : इलाहाबाद। कुंडा के चर्चित ट्रिपल मर्डर केस में क्या भाड़े के शूटरों का इस्तेमाल किया गया। फिलहाल, सीबीआई की जांच अब इसी लाइन पर आगे बढ़ रही है। उसका शक अब यकीन में बदलने लगा है। टीम मान रही है कि ग्रामप्रधान नन्हे यादव का मर्डर भाड़े के शूटरों ने किया। चार शूटरों के स्केच तैयार कर लिए गए हैं।
याद दिला दें कि 2 मार्च को प्रतापगढ़ जिले के कुंडा के निकट बलीपुर चौराहे पर ग्रामप्रधान नन्हे यादव, उसके भाई सुरेश यादव की हत्या कर दी गई थी। थोड़ी देर बाद मौके पर पुलिस बल के साथ पहुंचे डिप्टी एसपी जियाउल हक को भी गोली मारकर मौत के घाट उतार दिया गया था। उनकी सर्विस रिवाल्वर, मोबाइल भी हमलावर उठा ले गए। नन्हे यादव की हत्या के लिए कामता पाल को जिम्मेदार मानकर उनका मकान फूंक दिया गया।
कई घंटे तक चले तांडव के दौरान इलाके में कानून, सरकार, पुलिस व्यवस्था का अता-पता नहीं था। अराजक तत्वों की गोलियों की तड़तड़ाहट से इलाका थर्रा उठा। इतना ही नहीं, ‘भीड़’ के कब्जे में कई घंटे तक डिप्टी एसपी की लाश रही। उनके साथ गए सशस्त्र पुलिसकर्मी खेतों में छिपे रहे। चार घंटे बाद पुलिस गांव में प्रवेश इस घटना ने प्रदेश की कानून व्यवस्था को हिलाकर रख दिया।
आरोप के घेरे में फंसे यूपी सरकार के कैबिनेट मंत्री व चर्चित बाहुबली रघुराज प्रताप सिंह राजा भैया का मंत्री पद छिन गया। मुख्यमंत्री अखिलेश यादव को ग्रामप्रधान नन्हे यादव के घर आना पड़ा। कुंडा कांड लगातार कई दिनों तक मीडिया की सुर्खियां बन देश के कोने-कोने में छाया रहा। घटना की जांच सीबीआई को सौंपी गई। करीब एक सप्ताह बाद सीबीआई अफसरों की टीम ने कुंडा में डेरा डाल दिया। टीम की छानबीन में पुलिस के कई दारोगा, राजा भैया और उनके खास माने जाने वाले करीब आधा दर्जन लोग फंसे। कई राउंड पूछताछ के बाद सीबीआई ने अभी भी उन्हें निशाने पर रखा है।
29 मार्च को सीबीआई टीम बलीपुर चौराहे पहुंची। यहां से चार दुकानदारों टी स्टाल चलाने वाले गोलई पटेल, उसके बगल स्थित टी स्टाल के दुकानदार चोखेलाल, हेयर ड्रेसर कामता और चौराहे पर रहने वाले विश्णु राजा को बुलाकर घटना की बाबत पूछताछ की। ये चारों घटना के चश्मदीद बताए जा रहे हैं। थोड़ी देर बाद सीबीआई उन चारों को साथ लेकर गंगा के बंधे पर पहुंची।
सूत्रों के अनुसार, यहां घटों दुबारा पूछताछ के बाद सीबीआई अफसरों ने चार शूटरों के स्केच तैयार कराया है। इस दौरान घटना के समय की परिस्थितियां, हमला के तरीके, हमलावरों के आने और जाने आदि से संबंधित कई तरह के सवाल विस्तार से किए गए। इसके अलावा सीबीआई ने 30 मार्च की शाम को राजा भैया के करीबी व पूर्व सांसद अक्षय प्रताप सिंह उर्फ गोपालजी को कुंडा कैंप कार्यालय में बुलाकर ढाई घंटे तक लंबी पूछताछ की है।
इलाहाबाद से शिवाशंकर पांडेय की रिपोर्ट






