चीन के एक पत्रकार चेन यांगझोउ को पिछले सप्ताह पैसे लेकर खबर लिखने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था. अब उनका एक वीडियो चीन की सरकारी न्यूज चैनल 'चाइना सेंट्रल टेलीविजन' (CCTV) पर जारी किया गया है जिसमें उन्होंने स्वीकार किया है कि उन्होंने रिश्वत लेकर एक निर्माण उपकरण निर्माता कम्पनी के बारे में गलत रिपोर्टिंग की थी. यांग ने कहा कि "मैं निश्चित रूप से ये उम्मीद करता हूं कि पूरा मीडिया उद्योग मुझसे सीख लेगा. यदि मुझे दोबारा पत्रकार के रूप में काम करने का मौका मिला तो मैं पत्रकारिता के मूल्यों पर खरा उतरूंगा और लालच से दूर रहूंगा." इस वीडियो में उनके हाथ बंधे हुए हैं और बयान देते वक्त पुलिस उनके पास है.
इस वीडियो को तब जारी किया गया है जब चेन की इस गिरफ्तारी के विरोध में चीन में जगह जगह से आवाजें उठने लगी हैं. चेन की गिरफ्तारी को चीन में पत्रकार, वकीलों और इन्टरनेट यूजर्स पर प्रतिबंध के तौर पर देखा जा रहा है. चीन की सरकार देश में इन्टरनेट के बढ़ते उपयोग से बहुत चिन्तित है. इसकी वजह से लोग सरकारी चैनलों की खबरों पर विश्वास कम करने लगे हैं तथा नियंत्रण के बावजूद सूचनाओं के लिए सोशल मीडिया और इन्टरनेट पर ज्यादा भरोसा करते हैं. चीन की समाचार एजेंसी 'न्यू एक्सप्रेस' के टैब्लायड पर चेन यांगझोउ की रिहाई के लिये समर्थन में फ्रन्ट पेज पर दो खबरें लगायी गयी थीं. जिसके बाद चेन को व्यापक जनसमर्थन मिला था. अभी तक पेपर ने अपने आनलाइन संस्करण पर यांग के इकरारनामें से सम्बन्धित कोई खबर नहीं लगायी गयी है.
चीन में लोग इस मुद्दे पर सोशल मीडिया में बात कर रहे हैं और इस वीडियो को सरकारी दबाव में लिया गया बयान मान रहे हैं. लोगों के अधिकारों के लिये काम कर रहे कार्यकर्ताओं का कहना है कि चीन में किसी के सार्वजनिक रूप से अपराध स्वीकार करने में सरकारी दबाव और अभियुक्त के अधिकारों का खुला उल्लंघन किया जाता है. ज्ञात हो कि चीन में प्रेस पर काफी प्रतिबंध लगे हैं जिससे केवल वही खबरें पता चलती है जो सरकार देना चाहती हैं. चीन में इस तरह से पत्रकार और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर ये कोई पहला हमला नहीं है. इसके पहले पूरी दुनिया में प्रसिद्ध चीनी कलाकार अई वेई वेई जैसे लोगों को भी जेल जाना पड़ा हैं तथा कई लोग अभी भी जेलों में बंद हैं.






