नई दिल्ली। भारतीय इतिहास के विख्यात पुरूष जय प्रकाश नारायण के जीवन के कई अनछुए पहलुओं को नयी किताब ''जेपी-जैसा मैंने देखा'' में उजागर किया गया है। अमलेश राजू द्वारा संपादित इस पुस्तक में 53 व्यक्तियों ने अपने विचार व्यक्त किये हैं। इनमें से कई व्यक्ति आज हमारे बीच नहीं हैं। डायमंड प्रकाशन द्वारा प्रकाशित इस पुस्तक के बारे में अमलेश ने बताया कि इसे तैयार करने में मुझे एक दशक से अधिक का समय लगा है। इसके लिए मैं कई लोगों से मिला और काफी मेहनत की। इस पुस्तक का गांधी शांति प्रतिष्ठान में विमोचन किया गया। किताब में जेपी आंदोलन में शामिल ऐसे व्यक्तियों को भी शामिल किया गया है जिन्हें लोग शायद भूल चुके हैं। इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि श्रवण गर्ग थे। समारोह में वरिष्ठ पत्रकार अरविंद मोहन, प्रोफेसर प्रेम सिंह सहित कई व्यक्ति मौजूद थे।





