डीआईजी एवं सीआईडी की जांच रिपोर्ट में दोषी पाए जाने के बाद, जादूगोड़ा थाना के पूर्व थाना प्रभारी नयन सुख दाडेल की मुश्किलें और बढ़ गयी है. पूर्व थाना प्रभारी नयन सुख दाडेल, जादूगोड़ा थाना के छोटा बाबू सुशिल डांगा, सिपाही संजय राम एवं मौभण्डार थाना के छोटा बाबू सीताराम सिंह पर जादूगोड़ा थाना में धारा 307/326/325/147/149/42/379/363/387/34 के तहत मामला दर्ज हो गया है. इन सभी पर जादूगोड़ा निवाषी संतोष कुमार अग्रवाल ने घाटशिला न्यायालय में शिकायत दर्ज कराई थी.
थाने में मामला दर्ज होने के बाद जमशेदपुर चेंबर के अध्यक्ष मोहनलाल एवं अन्य ने थाना प्रभारी एवं अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी एवं बर्खास्तगी की मांग की है. उन्होंने कहा की इस संबंध में मुख्यमंत्री सहित सभी वरीय अधिकारियों को पत्र लिखा जाएगा. वहीँ झारखंड जर्नलिस्ट एसोसिएसन के अध्यक्ष संजीव दिवेदी ने कहा कि नयन सुख दाडेल को तत्काल पुलिस विभाग से बर्खास्त कर देना चाहिए और गिरफ्तार कर लेना चाहिए क्योंकि वे जनहित के लायक आदमी नहीं हैं, डीआईजी एवं सीआईडी के जांच रिपोर्ट में भी वे दोषी पाए गए हैं.
नयन सुख दा़डेल के प्रकोप का शिकार बने संतोष अग्रवाल ने कहा कि उन्होंने अपने आँखों से दाडेल एवं उनकी टीम की हैवानियत को बर्दास्त किया है. सुशिल डांगा ने चाकू से उनके हाथ की नस काट दी थी जिसके कारण उन्हें चार दिन टाटा मुख्य अस्पताल में इलाज़ कराना पड़ा. भगवान की कृपा से उनकी जान बच गयी. आगे उन्होंने कहा कि सुशिल डांगा एवं संजय राम को जादूगोड़ा थाना से तत्काल हटा दिया जाना चहिए क्योंकि वे जादूगोड़ा थाना में रहते हुए जांच को प्रभावित कर सकते हैं.