पिछले दिनों जिया न्यूज चैनल की लांचिंग के बाद उसके फर्स्ट लुक एंड फील और इंटरनल पालिटिक्स को लेकर जो खबर भड़ास पर प्रकाशित हुई, उससे चैनल के कर्ताधर्ता ज्वाय सेबस्टियन इतने खफा हुए कि अपने एचआर को कहकर दिल्ली पुलिस के साइबर सेल में भड़ास की कंप्लेन करा दी. साइबर सेल से एक पुलिस इंस्पेक्टर ने भड़ास को फोन कर कहा कि क्या ये खबर डिलीट की जा सकती है?
भड़ास की तरफ से साइबर सेल को बताया गया कि जिस खबर को लेकर भड़ास की कंप्लेन की गई है, उस खबर में ऐसा कुछ नहीं है जो आईटीएक्ट के अधीन आता हो. अगर किसी को कोई दिक्कत है तो वह मानहानि का मामला कोर्ट में दायर कर सकता है. फिर भी, अगर साइबर सेल में शिकायत कर ही दी गई है तो भड़ास की तरफ से तब तक कोई स्टैंड नहीं लिया जा सकता जब तक कंप्लेन भड़ास टीम को उपलब्ध न हो जाए. भड़ास लीगल सेल द्वारा पूरी शिकायत पढ़ने के बाद इसका जवाब तैयार किया जाएगा और आगे की रणनीति बनाई जाएगी. तब साइबर सेल से जुड़े पुलिस इंस्पेक्टर ने भड़ास की मेल आईडी नोट कर शिकायत फारवर्ड करने की बात कही लेकिन अभी तक भड़ास के पास शिकायत नहीं आई है.
सूत्रों का कहना है कि चैनल पिट जाने के बाद और इससे जुड़ी खबर भड़ास पर छपने से ज्वाय सेबस्टियन बौखला गए हैं. कंटेंट फील्ड के आदमी न होने के कारण ज्वाय को यह समझ में नहीं आया कि चैनल से जुड़ी भड़ास पर प्रकाशित खबर में गलती क्या है और इसको लेकर कंप्लेन कहां और किस तरह की जाए. फिर भी, अगर ज्वाय सेबस्टियन चाहते हैं कि भड़ास पर एक्शन हो तो, भड़ास को उनके इस रुख से कोई तकलीफ नहीं है. उनके पास भी किसी से पीड़ित होने की दशा में शिकायत करने व विरोध दर्ज कराने का अधिकार है.
ये है वो खबर जिसको लेकर जिया न्यूज की तरफ से भड़ास की शिकायत दिल्ली पुलिस के साइबर सेल में की गई है… पढ़िए और बताइए कि क्या इसमें कुछ भी ऐसा कंटेंट है जिसके आधार पर कहा जा सके कि यह खबर आईटीएक्ट के तहत शिकायत के योग्य है…
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भड़ास तक सूचनाएं [email protected] के जरिए पहुंचा सकते हैं.






