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जी न्‍यूज (दो) : यह रही छंटनी के शिकार होने वाले कैमरामैनों की लिस्‍ट

सुधीर चौधरी के संपादक बनकर आने के बाद से जी न्‍यूज लगातार मुश्किलों से घिरता जा रहा है. हर दिन एक नई परेशानी जी न्‍यूज को घेर रही है. अभी जिंदल विवाद से ठीक से छुटकारा भी नहीं मिला था कि अब एक कैमरामैन के जहर खा लेने के बाद जी न्‍यूज नई परेशानियों से घिरता दिख रहा है. खबर है कि छंटनी का शिकार होने के बाद अमरीश ने यह कदम उठाया है. वे कई वर्षों से जी न्‍यूज को अपनी सेवाएं दे रहे थे.

सुधीर चौधरी के संपादक बनकर आने के बाद से जी न्‍यूज लगातार मुश्किलों से घिरता जा रहा है. हर दिन एक नई परेशानी जी न्‍यूज को घेर रही है. अभी जिंदल विवाद से ठीक से छुटकारा भी नहीं मिला था कि अब एक कैमरामैन के जहर खा लेने के बाद जी न्‍यूज नई परेशानियों से घिरता दिख रहा है. खबर है कि छंटनी का शिकार होने के बाद अमरीश ने यह कदम उठाया है. वे कई वर्षों से जी न्‍यूज को अपनी सेवाएं दे रहे थे.

जी न्‍यूज प्रबंधन ने पिछले कुछ दिनों के अंदर जिन कैमरामैनों से इस्‍तीफा मांगा है उसमें नितिन भटनागर, अली अरमान, राजेंद्र सिंह, चंदर भंडारी, अविनाश निगम, राजू कुमार, सोनी कुमार, हिमांशु पांडेय, अवनीश पवार तथा एक अन्‍य कैमरामैन शामिल है, जिसका नाम पता नहीं चल पाया है. खबर है कि इन सभी से प्रबंधन की तरफ से कैमरा हेड पीजे मैथ्‍यू ने इस्‍तीफा मांगा. किसी को भी निकाले जाने का कारण नहीं बताया गया. इन सभी कैमरामैनों को धमकी दी गई कि अगर ये अपना इस्‍तीफा नहीं सौंपे तो इन्‍हें निकाल दिया जाएगा.

बताया जा रहा है कि कई कैमरामैनों ने प्रबंधन को अपना इस्‍तीफा सौंप दिया है तथा वो नोटिस पीरियड पर चल रहे हैं. छंटनी की लिस्‍ट में शामिल कैमरामैनों में कई तो पिछले सत्रह सालों से जी न्‍यूज को अपनी सेवाएं दे रहे थे. यानी अधिकांश लोग जी न्‍यूज की लांचिंग के समय से ही जुड़े हुए थे. सूत्रों का कहना है कि इनमें से निकाले जाने का कारण किसी को नहीं बताया गया. किसी कैमरामैन ने पूछा भी तो उनको जवाब देने की बजाय बस इस्‍तीफा देने को कहा गया. खबर है कि इस छंटनी से जी न्‍यूज में आतंरिक तौर पर जबर्दस्‍त आक्रोश है.

सूत्रों का कहना है कि जहर खाने वाले अमरीश पवार भी लंबे समय से जी न्‍यूज के साथ जुड़े हुए थे. सूत्रों का कहना है कि जी न्‍यूज-जिंदल विवाद प्रकरण में छत्‍तीसगढ़ के कई खदानों का कवरेज अमरीश ने अपने जान पर खेल कर किया था. सूत्रों का कहना है कि अमरीश को एक स्टिंग की जिम्‍मेदारी सौंपी गई थी, जिसमें उन्‍हें सफलता नहीं मिली इसके बाद से ही उनके ऊपर प्रबंधन की तलवार लटक रही थी. बताया जा रहा है कि कैमरामैनों को निकाले जाने के बाद अन्‍य विभागों में भी छंटनी की तैयारी की जा रही है.

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