मुंबई : पत्रकार जेडे हत्याकांड के मामले में दाखिल आरोप पत्र में एक गवाह का बयान आरोपी जिगना वोरा के खिलाफ प्रमुख साक्ष्य है, जिसने कथित तौर पर अंडरवर्ल्ड डॉन छोटा राजन को डे की हत्या की सुपारी देने के लिए उकसाया था। यह कहना है अपराध शाखा के एक अधिकारी का। अधिकारी ने कहा कि 3,055 पन्नों के आरोप पत्र में दर्ज बयान अहम सबूत है, जिसमें कहा गया है कि राजन ने डे की हत्या के लिए सुपारी दी थी और वोरा ने उसे उकसाया था। अधिकारी ने कहा कि गवाह गिरफ्तार आरोपी विनोद असरानी का रिश्तेदार है। उसने हत्या के बाद राजन से बातचीत की थी और राजन ने डे के मारे जाने पर अफसोस जताया था।
उन्होंने कहा, गवाह ने हमें बताया कि राजन ने उससे फोन पर बात की और कहा कि उसे डे की हत्या का अफसोस है और उसने दावा किया कि जिगना ने उसे उकसाया। गवाह के बयान को एक मजिस्ट्रेट के समक्ष सीआरपीसी की धारा 164 के तहत दर्ज किया गया है। उसके बयान को आरोप पत्र के साथ जोड़ा गया है। ज्योतिर्मय डे की हत्या के करीब छह महीने बाद पुलिस ने शनिवार को 12 आरोपियों के खिलाफ विशेष मकोका अदालत में आरोपपत्र दाखिल किया। इसमें छोटा राजन का भी नाम है।
पुलिस ने कहा कि आरोपपत्र में हाल ही में गिरफ्तार की गई जिगना का नाम नहीं है, जो एक अखबार की उप ब्यूरो प्रमुख है। इस बाबत एक अलग पूरक आरोपपत्र दाखिल किया जाएगा। पुलिस के मुताबिक मिड डे अखबार में काम करने वाले डे को 11 जून को हमलावरों ने पवई इलाके में गोली मार दी थी। पुलिस के मुताबिक राजन के कहने पर हमलावरों ने मोटरसाइकिल पर डे का पीछा किया। उन्हें हत्या के लिए पांच लाख रुपये की सुपारी दी गई थी। साभार : एजेंसी






