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टीसीरीज वालों की गुंडई, गाना बजाने पर भिजवा रहे जेल

टी सीरीज वाले खुद कितने बड़े चोर हैं, यह बालीवुड या संगीत की दुनिया से जुड़ा कोई भी शख्स बता सकता है. दूसरों की धुनें, गाने, लाइनें चुराकर और गायकों-संगीतकारों आदि से लगभग मुफ्त में काम करवाकर अरबपति-खरबपति बने ये टीसीरीज वाले आजकल कापीराइट कानून को लेकर बड़े सजग-सतर्क नजर आ रहे हैं. जो भी इनकी कंपनी से निकले गानों को बजाता मिल जा रहा है, उसे ये पुलिस के जरिए पकड़वाकर जेल भिजवा रहे हैं.

टी सीरीज वाले खुद कितने बड़े चोर हैं, यह बालीवुड या संगीत की दुनिया से जुड़ा कोई भी शख्स बता सकता है. दूसरों की धुनें, गाने, लाइनें चुराकर और गायकों-संगीतकारों आदि से लगभग मुफ्त में काम करवाकर अरबपति-खरबपति बने ये टीसीरीज वाले आजकल कापीराइट कानून को लेकर बड़े सजग-सतर्क नजर आ रहे हैं. जो भी इनकी कंपनी से निकले गानों को बजाता मिल जा रहा है, उसे ये पुलिस के जरिए पकड़वाकर जेल भिजवा रहे हैं.

ताजा शिकार बने हैं रेडियो मस्का डाट काम के निदेशक अनिल शर्मा. सूत्रों का कहना है कि टी सीरीज वालों ने पुलिस को अच्छा खासा पैसा खिला रखा है, इसी कारण टी सीरीज वालों की तरफ से शिकायत आते ही पुलिस तत्काल आरोपी को उठा लेती है और कोर्ट में पेश कर रिमांड पर ले लेती है. वैसे अगर आपके घर में कुछ हो जाए, कोई खो जाए, कोई लुट जाए तो पुलिस घंटों तक निष्क्रिय बनी रहती है और कोशिश करती है कि रिपोर्ट न लिखनी पड़े तो ही अच्छा लेकिन टीसीरीज का मामला आते ही पुलिस बड़ी फास्ट भागने लगती है.

इस देश में कापीराइट कानून पर बहस चलाने की जरूरत है. आखिर क्यों किताब, संगीत आदि पर किसी एक कंपनी को जिंदगी भर कमाते रहने की छूट मिलनी चाहिए. इन चीजों को कुछ एक बरस के बाद कापीराइट फ्री कर देना चाहिए. जैसे हवा पानी पर किसी एक का हक नहीं उसी तरह संगीत किताब ज्ञान पर भी किसी एक का हमेशा के लिए हक नहीं बनना चाहिए. पर पूंजी के खेल के इस दौर में चोर उचक्के टाइप के लोग हमारी ही चीजों को चुराकर बेचते हैं और जब हम उसी फ्री में हासिल करना चाहते हैं तो हमें चोर बताते हैं.

टीसीरीज वालों की चोरकटई-गुंडई का मुंहतोड़ जवाब यही हो सकता है कि इनके कारनामों, करतूतों, चोरियों, चिरकुटई का भरपूर खुलासा सभी ब्लागरों-पोर्टलों को करना चाहिए. दूसरे, हर ब्लागर, पोर्टल वाले को अपने अपने अपने यहां टीसीरीज के गानों को जमकर बजाना चाहिए, देखते हैं ये चोर लोग कितने लोगों को गाना बजाने के आरोप में जेल भिजवाते हैं. रेडियो मस्का के निदेशक अनिल शर्मा की गिरफ्तारी के बारे में दैनिक जागरण में प्रकाशित खबर इस प्रकार है–

रेडियो मस्का डॉट कॉम के निदेशक गिरफ्तार

नई दिल्ली : दिल्ली पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा ने रेडियो मस्का डॉट कॉम के निदेशक अनिल शर्मा के खिलाफ कापीराइट एक्ट के उल्लंघन का मामला दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी को पटियाला हाउस कोर्ट स्थित एसीएमएम की अदालत में पेश किया। वहां से पुलिस ने उन्हें दो दिन की रिमांड पर ले लिया। टी-सीरीज कंपनी के अध्यक्ष नीरज कल्याण ने पुलिस को रेडियो मस्का डॉट कॉम के संचालक अनिल शर्मा के खिलाफ शिकायत दी थी।

शिकायत में नीरज का कहना था कि रेडियो मस्का डॉट कॉम द्वारा बिना उनकी अनुमति या लाइसेंस के उनकी कंपनी के कैसेट के गानों को प्रसारित किया जा रहा है। यह गतिविधि कॉपीराइट एक्ट के उल्लंघन के दायरे में आती है। आर्थिक अपराध शाखा की पुलिस ने जांच कर अनिल शर्मा के खिलाफ कॉपीराइट एक्ट का मुकदमा दर्ज कर लिया। पुलिस ने उसके पास इंटरनेट पर टी सीरीज के गानों की ब्राडकास्टिंग से जुड़ा कुछ सामान भी बरामद किया है।

इस संबंध में टीसीरीज के अध्यक्ष नीरज कल्याण ने बताया कि वे इंटरनेट के माध्यम से होने वाली डिजीटल पायरेसी के खिलाफ विशेष अभियान चला रहे हैं। इससे पहले वे डिजीटल मिलेनियम कॉपीराइट एक्ट के मामले में गुरुजी डॉट कॉम, यू-ट्यूब, माईस्पेस डॉट काम इत्यादि कई वेबसाइट के खिलाफ कार्रवाई करा चुके हैं। फिलहाल उन्होंने कॉपीराइट के मामले में दिशांत डॉट कॉम को भी नोटिस भेजा है।

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