निज़ामाबाद। इंदूर हिंदी समिति, निज़ामाबाद द्वारा दक्षिण भारत में हिंदी के विकास में महत्वपूर्ण योगदान के लिये दिया जाने वाला सन 2011 एवं 2012 के पुरस्कारों क़ी घोषणा बुधवार को समिति द्वारा जारी क़र दी गई है. यह जानकारी देते हुए समिति के अध्यक्ष राजीव दुआ एवं सचिव एड राज कुमार सूबेदार ने बताया कि सन 2011 का इंदूर हिंदी सम्मान स्वतंत्रवार्ता के समूह संपादक डॉ. राधेश्याम शुक्ल को तथा सन 2012 का स्वतंत्रवार्ता निज़ामाबाद के स्थानीय संपादक प्रदीप श्रीवास्तव को दिया जायेगा.
समित द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति के मुताबिक हिंदी के वरिष्ठ पत्रकार एवं मानस मर्मज्ञ डॉ. शुक्ल को विगत पंद्रह वर्षों से दक्षिण भारत में हिंदी पत्रकारिता के विकास एवं हिंदी क़ी सेवा के लिये यह पुरस्कार दिया जा रहा है. डॉ. शुक्ल को अब तक कई पुरस्कार व सम्मानों से नवाजा जा चुका है. हाल ही में उन्हें रामनाथ गोयनका पत्रकार शिरोमणि सम्मान से सम्मानित किया गया था. प्रदीप श्रीवास्तव को भी इसी क्षेत्र में हिंदी पत्रकारिता के लिए सम्मानित किया जा रहा है. इन्हें गत वर्ष आल इण्डिया स्माल न्यूज पेपर्स एसोसिएसन (आइसना) द्वारा भोपाल में राष्ट्रीय पत्रकारिता सम्मान से सम्मानित किया गया था. श्री श्रीवास्तव को सन 2010 में ओड़िसा के थियेटर मूवमेंट द्वारा कोणार्क पत्रकारिता सम्मान से भी सम्मानित किया जा चुका है.
शनिवार 21 जनवरी क़ी शाम 8 बजे निज़ामाबाद के राजीव गाँधी आडिटोरियम में आयोजित एक समारोह में दोनों लोगों को यह सम्मान निज़ामाबाद के शहर विधायक वाई लक्ष्मीनारायण प्रदान करेंगे. इस अवसर पर एक कवि सम्मेलन "निज़ामाबाद क़ी एक शाम, कवियों के नाम" का भी आयोजन किया गया है, जिसमें राजस्थान के कोटा से कुवंर जावेद, मध्य प्रदेश के रतलाम से धमचक मुल्तानी, इंदौर के अतुल ज्वाला (इन्दौरी), उत्तर प्रदेश के लखनऊ से नरेश निर्भीक एवं फैजाबाद से सुश्री व्याख्या मिश्रा के साथ-साथ स्थानीय हिंदी व उर्दू के कवि एवं शायर भी अपनी कविताओं से श्रोताओं को मन्त्र मुग्ध करेंगे.






