हिमाचल प्रदेश के सुंदरनगर से छपने वाले अखंड हिमाचल अखबार के शिमला ब्यूरो आफिस में आज ताला लग गया. ताला किसी और ने नहीं बल्कि वहां तैनात स्टाफ ने मैनेजमेंट के रवैये से तंग आकर लगा दिया. बताया जा रहा है कि मैनेजमेंट की ओर से तीन महीने का वेतन स्टाफ को नहीं मिला है. इस कारण कर्मियों के सब्र का बांध टूट गया. इन लोगों का कहना है कि उन्हें अगर कल तक वेतन नहीं मिला तो वह लोग प्रबंधन के खिलाफ अदालत में जायेंगे.
शिमला में सूरज ठाकुर को तीन महीने पहले तैनाती मिली थी. लेकिन न तो उन्हें न ही उनके साथ काम करने वाले दूसरे लोगों को आज तक वेतन मिल पाया है. लेकिन अब तालाबंदी से मैनेजमेंट की खूब जगहंसाई हो रही है. आज दिन भर इस मामले पर तरह-तरह की चर्चाएं चलती रहीं. हालांकि मान मनौव्वल की कोशिशें भी जारी हैं, दरअसल अंखड हिमाचल के संपादक सुशील कुमार ने एक नई नीति अमल में लाई है.
इसके तहत अब किसी भी ब्यूरो प्रभारी व संवाददाता को कोई वेतन नहीं मिलेगा, बल्कि उन्हें अपना गुजारा प्रबंधन के लिये विज्ञापन को जुगाड़ करके करना होगा. विज्ञापन से चालीस फीसदी पत्रकार को मिलेगा तो साठ प्रतिशत मैनेजमेंट को. लेकिन यह फार्मूला किसी को भी रास नहीं आ रहा. इसी कारण विवाद बढा है. डेस्क से भी कई लोग नौकरी छोड़ चुके हैं. इस दैनिक अखबार के डेस्क पर केवल पांच लोग ही बचे हैं.






