महराजगंज के जागरण ब्यूरो प्रभारी महेंद्र त्रिपाठी की एक खबर ने एक परिवार में खुशियों की बरसात कर दी. 13 अप्रैल को ग्यारहवीं की छात्रा प्रियंका परतावल ब्लाक अन्तर्गत विशुनपुर खुर्द गांव निवासी अमरजीत की पत्नी के रूप में पहली बार अपने ससुराल पहुंची तो घर में शौचालय ना पाकर उसने इसकी मांग की. व्यवस्था न होने पर चार दिन बाद इस घोषणा के साथ वह अपने मायके लौट गई कि जब तक शौचालय नहीं बनेगा, वापस नहीं आएगी. इस खबर को दैनिक जागरण ने मुद्दा बनाया. पहले तो प्रियंका और उसके ससुरालियों को बात नागवार लगी, लेकिन अब जागरण की गाथा गाते नहीं थकते हैं.
शौचालय न होने पर ससुराल छोड़ मायके चली जाने वाली प्रियंका के साहस की प्रशंसा करते हुए सुलभ इंटर नेशनल ने उसे दो लाख रुपये के पुरस्कार के साथ-साथ अत्याधुनिक शौचालय का तोहफा देने की घोषणा की है. संस्था की तरफ से जारी सूचना में कहा गया है कि इससे दूसरे लोग प्रेरणा लेंगे. प्रियंका के साहसिक निर्णय की जानकारी दैनिक जागरण से प्राप्त कर सुलभ इंटर नेशनल के चेयरमैन डा. बिन्देश्वरी पाठक ने गुरुवार को दिल्ली में उसे दो लाख रुपये का पुरस्कार देने की घोषणा की. डा.पाठक के पीआरओ मदन झा ने बताया कि यह पुरस्कार प्रियंका को दिल्ली में दिया जायेगा. उसके दिल्ली आने-जाने के लिए इंतजाम किया जाएगा. उसके ससुराल विशुनपुर में अत्याधुनिक शौचालय का निर्माण कराया जाएगा. इस पर सप्ताह भीतर काम शुरू हो जाएगा. डीएम महराजगंज शौम्या अग्रवाल ने प्रियंका को ब्रांड अम्बेसडर बनाने की घोषणा कर दी. अब लोग कह रहे हैं – यह है एक छोटी सी खबर का कमाल.





