अखबार वाले तो रोज खबर लिखते हैं, लोग पढ़ते भी हैं. कुछ का असर होता हैं कुछ से किसी का प्रचार. लेकिन आजमगढ़ के दैनिक जागरण की एक खबर से एक मासूम की जिंदगी में फिर से खुशियां आ गई हैं. 27 अप्रैल के अंक में जागरण द्वारा गरीब जितेंद्र के ब्रेन ट्यूमर से पीड़ित होने की खबर प्रकाशित की गई. खबर का असर ये हुआ कि लाइफ लाइन अस्पताल के न्यूरो सर्जन डॉ. अनूप कुमार सिंह यादव ने गरीब जितेन्द्र के मुफ्त इलाज का फैसला किया और दैनिक जागरण अखबार के दफ्तर फोन कर जितेन्द्र को हास्पिटल लाने को कहा.
दैनिक जागरण के आजमगढ़ ब्यूरो प्रमुख हरीशरण पन्त ने जितेन्द्र के परिवार वालों को यह खुशखबरी दी. कल तक जो इलाज के लिए थक चुका था, यह सुनते ही ख़ुशी का ठिकाना ना रहा. जितेन्द्र के परिवार की माली हालत ठीक नहीं है. उसके पिता कपडे़ सिलने का काम करते हैं. वह पहले ही हजारों रुपए इधर-उधर फूंक चुका था. ऐसे में एक खबर ने सब कुछ बदल दिया. डॉ. अनूप
सिंह इस तरह के कई गरीबों का उपचार पहले भी मुफ्त में कर चुके हैं.
डॉ. अनूप ने बताया कि जितेन्द्र (13 वर्ष) के सिर के दाहिने हिस्से में टयूमर था और उसके आँखों की रोशनी भी जाने लगी थी. एक दिन सुबह अखबार में जब खबर पढ़ा तो रहा नहीं गया. अखबार वालों को फ़ोन कर बच्चे को लाने के लिए कहा था. जितेन्द्र के ४ घंटे के ऑपरेशन के बाद उसका टयूमर निकाल दिया गया और उसकी आँखों की रोशनी भी अब ठीक होने लगी है. जितेंद्र के पिता अनिल ने कहा कि आज के समय में ऐसा भी होता हैं सोचा ना था, इतना कहते ही उसकी आँखें भर गई. बुधवार की दोपहर बाद डॉ. अनूप ने जितेंद्र को अस्पताल से डिस्चार्ज कर दिया.





