: कोर्ट में दी शिकायत : दैनिक जागरण जैसे महाभ्रष्ट संस्थान की पोल खोलने वाले मुजफ्फरपुर के रमण कुमार यादव को धमकियां मिलनी शुरू हो गई हैं. रमण कुमार ने दैनिक जागरण के भ्रष्टाचार की पोल खोलने के लिए लंबी लड़ाई लड़ी है. कभी वे दैनिक जागरण के कर्मचारी हुआ करते थे, लेकिन प्रबंधन ने उन्हें दूध की मक्खी की तरह निकाल बाहर कर दिया. प्रबंधन अपनी ताकत के मद में एक आम कर्मचारी को कमजोर समझने की भूल कर बैठा.
रमण अकेले अपने दम पर लड़ाई लड़ाई लड़ते रहे. इसी बीच हिंदुस्तान के अरबों के घोटाले और भ्रष्टाचार की पोल खोल चुके श्रीकृष्ण प्रसाद से उनकी मुलाकात हुई. इसके बाद इस युगल जोड़ी ने वो कर दिखाया, जिसकी किसी ने कल्पना भी नहीं की होगी. तमाम जगहों से अवैध तरीके से प्रकाशन करने वाले दैनिक जागरण के मालिकान, निदेशक और संपादक समेत 17 लोगों के खिलाफ कोर्ट ने प्रथम दृष्टया सभी आरोप सही मानते हुए सम्मन जारी किया.
अब खबर आ रही है कि जागरण के मालिकों के ऊपर गिरफ्तारी की तलवार लटकाने वाले रमण कुमार को धमकी मिलनी शुरू हो गई. रमण कुमार को धमकी दैनिक जागरण मुजफ्फरपुर के संपादक देवेंद्र राय एवं जीएम राजकुमार श्रीवास्तव ने दी है. रमण कुमार ने इस मामले में एक शिकायत कोर्ट को दी है. अपनी शिकायत में उन्होंने आरोप लगाया है कि इन दोनों ने धमकी दी है कि जागरण से पंगा लेकर तुमने बहुत बुरा किया है. इसकी कीमत तुम्हे चुकानी पड़ेगी.
रमण कुमार कहते हैं कि उन्हें धमकी में कहा गया है कि तुम्हारी हत्या करा दी जाएगी. दैनिक जागरण इतना बड़ा संस्थान है कि तुम्हे जिंदगी भर जेल में सड़ना पड़ेगा. तुम्हे जेल में सड़ा दिया जाएगा. जाहिर है अब तक अपने खिलाफ उठने वाली आवाजों को दैनिक जागरण प्रबंधन ऐसे ही दबाने की कोशिश करता है लेकिन उसके लिए मुश्किलें लगातार बढ़ जाती है. इस बार मालिक से लेकर उनके नौकर तक चार सौ बीसी में फंसे हैं, लिहाजा बौखलाहट भी गलत नहीं है. पर अब मामला कोर्ट में है इसलिए इनकी कोई बौखलाहट काम नहीं आएगी.



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मुजफ्फरपुर से ही नहीं, यूपी में भी कई जगहों से अवैध प्रकाशन कर रहा है दैनिक जागरण






