गाजियाबाद से खबर है कि मेरठ की महिला के साथ गैंगरेप की कहानी पुलिस की जांच में फर्जी निकली. शर्मनाक बात यह है कि एक प्रॉपर्टी डीलर और रिटायर्ड डिप्टी मैनेजर से फ्लैट और 15 लाख रुपये ऐंठने के लिए यह साजिश एक न्यूज चैनल के दो पत्रकारों ने रची. इन्होंने पहले एक महिला को मोहरा बनाकर उसके साथ संबंध बनाए ताकि मेडिकल जांच में रेप की पुष्टि हो सके। इसके बाद बाकायदा चैनल के दफ्तर में उसे रेप की स्क्रिप्ट रटाई.
इसके एवज में महिला को 20 हजार रुपये का लालच दिया गया था. इस मामले में दो पत्रकारों समेत महिला की चाची को गिरफ्तार किया गया है. पकड़ा गया पत्रकार निगेश चंद्र शर्मा आठ साल पहले भाजपा का जिला महामंत्री रह चुका है. इधर बुजुर्ग प्रॉपर्टी डीलर ने भी इस मामले में दो साल से ब्लैकमेल कर रहे आठ लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करा दिया है. ज्ञात हो कि बुधवार रात गोविंदपुरम क्षेत्र में हापुड़ रोड पर सड़क किनारे एक महिला मिली. महिला ने आरोप लगाया कि प्रॉपर्टी डीलर और रिटायर्ड मैनेजर समेत छह सात लोगों ने उसके साथ गैंगरेप किया और यहां फेंक गए. उसने बताया था कि नौकरी दिलाने के बहाने वे उसे कार में लोनी ले गए थे.
पुलिस ने चार व्यक्तियों के खिलाफ जबरन धन वसूली का मामला दर्ज कर उनमें से तीन को गिरफ्तार किया. इनमे से एक आरोपी उस 25 वर्षीय युवती की रिश्तेदार है जिसने चारों पर कल चलती कार में उससे बलात्कार करने का आरोप लगाया है. पुलिस ने बताया कि पत्रकार नागेश चंद्र शर्मा और शहजाद तथा महिला की रिश्तेदार को एक डेवलपर की शिकायत पर गिरफ्तार किया गया जिसने उन पर जबरन धन वसूली का आरोप लगाया था.







