उत्तर प्रदेश के सोनभद्र जिले से खबर है कि एक वरिष्ठ पत्रकार ने दो पत्रकारों पर ऐसा आरोप लगा दिया, जिससे कई पत्रकार नाराज हो गए तथा उनका पुतला फूंक दिया. इस घटना के बाद से सोनभद्र के पत्रकारों में आपसी तनाव की स्थिति बन गई है. मामला यह है कि सोनभद्र के वरिष्ठ पत्रकार और पुरोधा मिथिलेश द्विवेदी, जो राष्ट्रीय पत्रकार महासंघ के वरिष्ठ पदाधिकारी भी हैं, ने अपने जन्म दिन पर 17 जनवरी को एक मीडिया सम्मेलन आयोजित किया था.
इस सम्मेलन में जिले भर से भारी संख्या में पत्रकार आए हुए थे. इस सम्मेलन में राष्ट्रीय सहारा के सोनभद्र ब्यूरोचीफ सतीश भाटिया और हिंदुस्तान के पूर्व ब्यूरोचीफ राहुल श्रीवास्तव को भी आना था. बताया जा रहा है कि ये दोनों लोग किसी कारण सम्मेलन में नहीं आ सके. इन दोनों का सम्मेलन में ना आना मिथिलेश द्विवेदी को अखर गया और यही बात सतीश और राहुल पर भी भारी पड़ गई. गुस्से में तमतमाए मिथिलेश द्विवेदी ने मंच से ही इन दोनों पत्रकारों को दलाल की संज्ञा देते हुए इनको भ्रष्ट तथा चोर तक कह डाला. साथ ही ये भी कहा कि मैं इन्हें पत्रकार मानता ही नहीं हूं. इन्हें पत्रकार समाज से बहिष्कृत करता हूं.
मिथिलेश द्विवेदी के सार्वजनिक मंच से इस तरह का आरोप लगाने पर इन दोनों के समर्थक पत्रकार भड़क गए. सम्मेलन में भी हंगामा जैसी स्थिति पैदा हो गई. कुछ नाराज पत्रकारों ने मिथिलेश द्विवेदी का पुतला भी फूंक दिया. कई लोगों ने उनके बयान की निंदा भी की. हालांकि कुछ लोग मिथिलेश द्विवेदी के समर्थन में आ गए, जिससे तनाव पैदा हो गया. बताया जा रहा है कि इस घटना के बाद पत्रकार दो गुटों में बंट गए हैं.
सोनभद्र से नौशाद अंसारी की रिपोर्ट.





