Connect with us

Hi, what are you looking for?

No. 1 Indian Media News PortalNo. 1 Indian Media News Portal
Local News Community

विविध

मुस्‍तफा पटेल ने हड़प रखा है दशरथ भाई गोहिल का होटल

यशवंत जी, कुछ दिन पहले आपके भड़ास पर खबर आई थी कि "गुजरात पुलिस मुस्तफा पटेल की मदद नहीं कर रही है" और मोदी के राज में मुसलमानों को आज़ादी से बिजनेस नहीं करने दिया जा रहा है और उन्हें अपना धंधा बंद करने की धमकी मिल रही है। और मीडिया ने अहमदाबाद भुज हाइवे पर विरमगाम के पास स्थित एक ज्योति होटल और उसे चलाने वाले मुस्तफा पटेल के बारे में बताया था कि इनको धंधा नही करने दिया जा रहा है।

यशवंत जी, कुछ दिन पहले आपके भड़ास पर खबर आई थी कि "गुजरात पुलिस मुस्तफा पटेल की मदद नहीं कर रही है" और मोदी के राज में मुसलमानों को आज़ादी से बिजनेस नहीं करने दिया जा रहा है और उन्हें अपना धंधा बंद करने की धमकी मिल रही है। और मीडिया ने अहमदाबाद भुज हाइवे पर विरमगाम के पास स्थित एक ज्योति होटल और उसे चलाने वाले मुस्तफा पटेल के बारे में बताया था कि इनको धंधा नही करने दिया जा रहा है।

मित्रों, भारतीय मीडिया के दोगलापन और कुत्तापन का इससे बड़ा उदाहरण दूसरा कही नहीं देखने को मिलेगा। मीडिया ने पूरी सच्चाई नही बताई … असल में ये ज्योति होटल इस मुस्तफा पटेल का है ही नहीं.. इस होटल के मूल मालिक का नाम राजेन्द्र शांतिलाल शाह है.. जिसने कुछ दिनों तक ये होटल चलाने के बाद इसे मुस्तफा पटेल को भाड़े पर दे दिया था… फिर कुछ सालों के बाद राजेन्द्र शांतिलाल शाह ने इस होटल को बगल में ही पेट्रोल पम्प के मालिक दशरथ भाई गोहिल को बेच दिया. मुस्तफा पटेल ने दशरथ भाई गोहिल से निवेदन किया कि वो जो भाड़ा लेना चाहते हैं तय कर लें लेकिन होटल मुझे ही चलाने दें… लेकिन दशरथ भाई गोहिल होटल इसलिए खरीदे थे ताकि बगल में सीएनजी पम्प बनाया जा सके..इसलिए उन्होंने मना कर दिया। फिर कुछ महीनों तक ये चतुर और शातिर मुस्तफा पटेल ने आज कल आज कल का बहाना बनाया फिर अपने असली रंग पर आ गया।

इसने मीडिया में ये कहना शुरू कर दिया कि चूँकि वो मुसलमान है इसलिए उसे परेशान किया जा रहा है.. उधर दशरथ भाई ने जब देखा कि ये मुस्तफा अब नीचता पर उतर गया तो वो कोर्ट गये और कोर्ट से होटल को तत्काल प्रभाव से बंद करवाने का आदेश ले आये.. फिर कोर्ट के आदेश पर अमल करते हुए पुलिस ने होटल को बंद करवा दिया। फिर ये मुस्तफा पटेल इस मुद्दे को राजकीय रंग देने के लिए घोर मोदी विरोधी मुकुल सिन्हा और तीस्ता जावेद तथा शबनम हाशमी के साथ इसे साम्प्रदायिक रंग देने लगा।

सोचिये मित्रों, जिस मुकुल सिन्हा और तीस्ता जावेद की वजह से आज हर रोज कोर्ट नये नये आदेश दे रही है तो फिर ये दोनों वकील कोर्ट से मुस्तफा पटेल के फेवर में कोई आदेश क्यों नहीं दिलवा पा रहे हैं? क्योंकि इस चतुर और शातिर मुस्तफा पटेल की नीयत में ही खोट है और ये दूसरे की बेशकीमती जमीन पर से गैरक़ानूनी कब्जा खाली ही नहीं करना चाहता। आज जो ये धूर्त मुस्तफा पटेल मीडिया के लोगों को पैसा देकर इसे मोदी बनाम मुसलमान का मुद्दा बना रहा है। मैं इस मुस्तफा से पूछना चाहता हूँ कि क्या इस्लाम दूसरे की सम्पत्ति पर गैरक़ानूनी तरीके से कब्जा करने की इजाजत देता है?

असल में ये मुस्तफा पटेल सिर्फ उसी रटे रटाये ढोंग का पालन कर रहा जिसे अमूमन भारत के हर मुसलमान करते हैं.. जब तक अजहरुद्दीन भारतीय क्रिकेट टीम का कैप्टन रहा तब तक कोई बात नहीं.. लेकिन जैसे ही मैच फिक्सिंग में फंसा तो कहने लगा कि चूँकि वो मुसलमान है इसलिए उसे हैरान परेशान किया जाता है.. जैसे संगीतकार नदीम को भारत के लोगों ने सर आँखों पर बिठाया लेकिन जब उसका नाम गुलशन कुमार हत्या कांड में आया तो वो ब्रिटेन भाग गया और ब्रिटेन की अदालत में कहता है कि चूँकि वो मुस्लिम है और भारत में मुस्लिमों के साथ भेदभाव किया जाता है, इसलिए उसे भारत के हवाले नहीं किया जाये ….ये इनका एक हथकंडा है।

जितेंद्र प्रताप सिंह

[email protected]


मूल खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें –  गुजरात पुलिस नहीं कर रही है मुस्‍तफाभाई पटेल की मदद

Pahad Ki Dada: Hill Mail Uttarakhand
CosmoQuick: AI Recruitment For Media Jobs
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

… अपनी भड़ास [email protected] पर मेल करें … भड़ास को चंदा देकर इसके संचालन में मदद करने के लिए यहां पढ़ें-  Donate Bhadasमोबाइल पर भड़ासी खबरें पाने के लिए प्ले स्टोर से Telegram एप्प इंस्टाल करने के बाद यहां क्लिक करें : https://t.me/BhadasMedia 

Advertisement

You May Also Like

विविध

Arvind Kumar Singh : सुल्ताना डाकू…बीती सदी के शुरूआती सालों का देश का सबसे खतरनाक डाकू, जिससे अंग्रेजी सरकार हिल गयी थी…

विविध

: काशी की नामचीन डाक्टर की दिल दहला देने वाली शैतानी करतूत : पिछले दिनों 17 जून की शाम टीवी चैनल IBN7 पर सिटिजन...

विविध

पहली बार चुनाव हमने 1967 में देखा था. तेरह साल की उम्र में. और अब पहली बार ऐसा चुनाव देख रहे हैं, जो इससे...

विविध

राजस्थान, कांग्रेस और सेक्स. ये तीन शब्द लगता है आपस में अच्छे से घुल मिल गए हैं. भंवरी कांड में ये तीनों शब्द जुड़े...