: पीड़ित स्टेनो ने लिखित शिकायत कर एफआईआर दर्ज करने की मांग की : उत्तर प्रदेश पुलिस के रूल्स एवं मैनुअल आफिस में एसपी पद पर तैनात आईपीएस अधिकारी राहुल अस्थाना ने कल 29 फरवरी की दोपहर में आफिस के स्टेनो जयप्रकाश कनौजिया को खुलेआम मां-बहन की गालियां दीं और जमकर जलील किया. इस गाली-गलौज से आहत स्टेनो कनौजिया ने रूल्स एवं मैनुअल के दूसरे एसपी अमिताभ ठाकुर को पूरा प्रकरण पत्र लिख कर बताया और तुरंत एफआईआर कराने की मांग की. उन्होंने यह भी कहा है कि यदि इस मामले में एफआईआर दर्ज नहीं हुई तो वे विभाग में नौकरी नहीं कर पायेंगे.
दरअसल पिछले लंबे समय से रूल्स एवं मैनुअल ऑफिस के एसपी अमिताभ ठाकुर यह कह रहे थे कि वहां अफसरों के लिए दो कमरे हैं जिनमें से एक को वहां तैनात डीजी ओपी दीक्षित ने जबरदस्ती बंद कर रखा है जबकि वे कार्यालय आते भी नहीं. ठाकुर ने दीक्षित और उत्तर प्रदेश के डीजीपी अतुल को बार-बार लिखा था कि वे दूसरे रूम में राहुल अस्थाना के साथ नहीं बैठ सकते क्योंकि अस्थाना दफ्तर के कर्मचारियों से गाली-गलौज करते हैं. ठाकुर के बार-बार अलग कमरा मांगे जाने के बाद जब किसी स्तर पर कोई कार्यवाही नहीं हुई तो वे विरोधस्वरुप छुट्टी पर चले गए थे.
ठाकुर के छुट्टी पर जाने के बाद विभाग हरकत में आया और डीजीपी अतुल ने रूल्स एवं मैनुअल के डीजी ओपी दीक्षित से इस समस्या का अंत करने को कहा. दीक्षित ने स्टेनो कनौजिया को कहा कि एक आदेश बना दें जिसमे ठाकुर को नीचे का कमरा और अस्थाना को दूसरी मंजिल पर एक कमरा आवंटित कर दें. दीक्षित का यह आदेश लेकर कनौजिया जैसे ही अस्थाना के पास पहुंचे, एसपी अस्थाना ने उनको खुलेआम मां-बहन की गालियां देना शुरू कर दिया. साथ ही वहां दफ्तर के सारे ग्लास भी दीवार पर मार कर फोड़ डाले. पूरे दफ्तर में कोहराम मच गया.
जब अमिताभ ठाकुर इस आदेश की प्राप्ति के बाद काम पर लौटे तो रोते हुए कनौजिया ने उनको एक प्रार्थना पत्र दिया जिसमें कहा कि अस्थाना के खिलाफ तुरंत एफआईआर दर्ज किया जाए, नहीं तो वे मान-सम्मान बेच कर नौकरी नहीं कर पायेंगे. दफ्तर के कई लोगों ने भी कनौजिया के साथ हुई इस बदसलूकी की घटना की पुष्टि की है. चूंकि मामला एक आईपीएस अधिकारी से सम्बंधित है इसलिए ठाकुर ने इस शिकायती प्रार्थना पत्र को वरिष्ठ अधिकारियों को निर्णय लेने हेतु अग्रसारित कर दिया है.





