Deepak Sharma : वोडाफोन को अपना नेटवर्क बेच कर एस्सार ग्रुप ने अपनी झोली में 75000 करोड़ रुपए भर लिए …. लेकिन आज एस्सार घाटे में है और वहाँ वर्कर्स की छंटनी हो रही है. भाई से अलग होकर अनिल अंबानी टॉप टेन की सूची में तो आ गए पर आज 35000 करोड़ के नुक्सान में है. टाटा मोटर्स से लेकर टाटा केमिकल की हालत खस्ता है. ये रिपोर्ट वित् मंत्रालय की है. रिपोर्ट जाहिर करती है कि रीयल एस्टेट में 30 फीसदी तक बाजार क्रैश कर गया है.
IT कंपनियों की बैलेंस शीट घाटा दिखा रही है. मीडिया इंडस्ट्री के गले पर सरकार की नीतियों का फंदा कसता जा रहा है. एक्सपोर्ट रूपए की गिरती साख के नीचे दब रहा है. ये बदहाली इंडस्ट्री के तकरीबन हर एक सेक्टर में है. साल के आखिर तक छंटनी और बेरोज़गारी भारत में निजी सेक्टर में काम कर रहे हर तीसरे व्यक्ति को निगल जायेगी. मित्रों ये संकट का समय है पर देश में इस वक्त मोदी, अमित शाह, नितीश, इशरत जहाँ पर बहस छिड़ी है. हम हिंदू मुस्लमान ही करते रह जायेंगे और उधर चीन हमें रौंद करके निकल जायेगा .
नींद भी खुली ना थी कि हाय धूप ढल गयी
पाँव जब तक उठे की जिंदगी फिसल गयी
पात पात झड गए कि शाख शाख जल गयी
चाह तो निकल सकी ना पर उमर निकल गयी
..और हम खड़े खड़े बहार देखते रहे
कारवां गुजर गया गुबार देखते रहे
आजतक न्यूज चैनल में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार दीपक शर्मा के फेसबुक वॉल से.






