मंगलवार को महाराष्ट्र विधानसभा परिसर में विधायकों की दबंगई देखने को मिली, यहां विधायकों ने एक ट्रैफिक सब-इंस्पेक्टर की जमकर पिटाई की। लगभग आधा दर्जन विधायकों ने विधानसभा के ठीक बाहर गैलरी में ट्रैफिक पुलिस में सब-इंस्पेक्टर की जमकर धुनाई की गई। इस सब-इंस्पेक्टर पर आरोप है कि उसने वसई के युवा विधायक क्षितिज ठाकुर को बांद्रा-वर्ली सी-लिंक पर गाड़ी की जांच के नाम पर पिछले दिनों रोका था और इस दौरान उनके साथ बदसलूकी की।
विधायक क्षितिज ठाकुर का आरोप है कि जब उन्होंने ट्रैफिक सब-इंसपेक्टर सचिन सूर्यवंशी को बताया कि वो विधायक हैं तो उसने उन्हें एफआईआर लगाकर फंसाने की बात कही। क्षितिज ठाकुर इसके खिलाफ मंगलवार को विधानसभा में विशेषाधिकार हनन का प्रस्ताव लाए और पुलिसवाले के खिलाफ कारवाई की मांग की। इस पर क्षितिज ठाकुर के सदन में मामला उठाने पर उनके समर्थन में सत्तापक्ष और विपक्षी सभी दलों के विधायक भी आ गए। इसके बाद क्या था पुलिसवाले को सबक सिखाने की मांग करते हंगामा मचाने लगे।
गृहमंत्री आरआर पाटिल ने समझाने के लिए पुलिस अधिकारी को बुलाया था। पुलिस अधिकारी विशेषाधिकार हनन के प्रस्ताव के बारे में जानने के लिए आगंतुक गैलरी पर पहुंच गया जिसे विधायकों ने देख लिया और पुलिस अधिकारी को बाहर बुलाया और फिर उनकी जमकर पिटाई की। विधायकों की पिटाई से सब-इंस्पेक्टर बेहोश हो गया, इसके बाद उसे हॉस्पिटल भेजा गया। विधायकों के जरिए पुलिस अधिकारी की पिटाई के खिलाफ दोपहर में आईपीएस अधिकारियों की एक टीम महाराष्ट्र के डीजीपी संजीव दयाल के नेतृत्व में मुख्यमंत्री पृत्थीराज चव्हाण से मुलाकात करेगा।






