समर अनार्या उर्फ अविनाश पांडेय समर हांगकांग में हैं और अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार संस्था में कार्यरत हैं. पत्रकारिता, आंदोलन, सरोकार, शिक्षा समेत ढेर सारे क्षेत्रों में समर की खूब सक्रियता रहा है. समर हर विषय पर अपनी बेबाक राय रखने और साहसिक स्टैंड लेने के लिए जाने जाते हैं. इन दिनों समर के निशाने पर भास्कर डाट काम वालों की पोर्न पत्रकारिता है. कल समर ने अपने वॉल पर भास्कर डाट काम में प्रकाशित एक फोटो का लिंक डाला और बताया कि यह न्यूड फोटो है लेकिन भास्कर वालों ने जाने किस पत्रकारीय मकसद से इसे गैलरी में सजा रखा है.
खैर, समर के हड़काने का असर हमेशा की तरह हुआ, और चिरकुट भास्कर वालों ने चुपके से वह लिंक हटा दिया. लिंक हटाए जाने पर Samar Anarya कहते हैं- ''जी.. देखिये.. यह वाला लिंक भी हटा लिया पोर्न भास्कर ने. अकेले मेरे पागलपन ने उनकी वेबसाइट की सफ़ाई शुरू कर दी है. आप लोग भी साथ आयेंगे तो सोचिये क्या होगा.''
पर, हिट्स के भूखे इन जाहिलों की धूर्तता देखिए कि इन लोगों ने लिंक को डिलीट नहीं किया, सिर्फ वहां से तस्वीर हटा लिया है, ताकि कोई क्लिक करके उस लिंक पर आए तो उसे भले तस्वीर न मिले, इस बहाने भास्कर को एक हिट्स तो मिल जाए. अरे बेशर्मों, कायदे से तुम्हें इस पेज को डिलीट कर देना चाहिए था, क्योंकि जब इस पेज पर कोई कंटेंट नहीं है तो पेज को एक्जिस्ट रखने का क्या फायदा. पर फायदा है, और वो फायदा तुम्हें अपनी वणिक बुद्धि से दिख रहा है, हिट्स वाला फायदा.
जाहिर है, भास्कर में कार्यरत चिरकुट मैनेजरों-संपादकों को यह लगता है कि वह अपनी इस होशियारी के जरिए भास्कर डाट काम को खूब हिट्स दिला पाने में सफल हो जा रहे हैं पर सच्चाई यह है कि इस तरह की चिरकुटई के जरिए वह संदेश दे रहे हैं कि भास्कर डाट काम के मालिकान रमेश अग्रवाल, सुधीर अग्रवाल, गिरीश अग्रवाल आदि ने शायद निर्देश दे रखा है कि बच्चों, खूब नंगा न्यूज पोर्न दिखाओ और बदले में अच्छी सेलरी की मलाई खाओ. संभव है, किसी रोज ये लोग खुद के मां-बहन या अपने मालिक के मां-बहन की न्यूड फोटो लगा दें. फिलहाल यहां समर अनार्या के फेसबुकी स्टेटस को प्रकाशित किया जा रहा है.
-यशवंत, एडिटर, भड़ास4मीडिया
Samar Anarya : दैनिक पोर्न भास्कर का एक लिंक दे रहा हूँ. परिवार के साथ हों तो मत खोलियेगा. यह एक पूरी तरह से नग्न लड़की की तस्वीर है जो भास्कर को खबर लगती है. ऐसी ही तस्वीरों की वजह से अन्तर्वासनाडॉटकाम जैसी वेबसाइट्स पोर्न वेबसाइट्स हैं. तो फिर भास्करडॉटकॉम पोर्न साईट न होकर खबरिया साईट कैसे है? और हाँ, यह तस्वीर भी विजय कुमार झा जैसे पोर्नकारों द्वारा अनुज खरे और ज्ञान गुप्ता जैसे पोर्नकारों द्वारा सम्पादित है.
इस तस्वीर को देखने वाले भी कल्पेश याग्निकों और राजेश उपाध्यायों के संपादन वाले दैनिक भास्कर के नाम की वजह से भास्कर की वेबसाईट तक पंहुचते हैं. प्रेस काउंसिल सो रही हो सकती है, मार दी गयी बच्चियों का पैजाम नीचे था वाली खबर के बावजूद बाल आयोग सो रहा हो सकता है.. क्या आप भी सो रहे हैं? हाँ.. तो शर्म करिये अपने ऊपर. नहीं तो साथ लड़िये. भास्करडॉटकॉम को पोर्न वेबसाइट्स, जो कि वह है, वाले दर्जे तक पंहुचाने तक चुप नहीं बैठना है. (और हाँ.. लिंक अपने रिस्क पर खोलियेगा.. परिवार का कोई साथ हुआ तो शर्मिंदा हो सकते हैं)
http://gallery.bhaskar.com/album/GAL-album-16140-valerie-dodds.html?seq=8






