आदरणीय यशवंत जी, बहुत जल्दी साधना न्यूज़ के लोग संगठित होकर साधना न्यूज़ की आईडी बेचने वालों के खिलाफ पूरे उत्तर प्रदेश में जगह-जगह आपराधिक मुक़दमे दर्ज करायेंगे. साधना न्यूज़ के सभी जिलों के लोग संपर्क में हैं. शिकायतों का निस्तारण करने में चैनल की ऊंची कुर्सियों पर बैठे लोग नाकारा नज़र आ रहे हैं, इसलिए यह फैसला सामूहिक रूप से लिया गया है. लोकतंत्र के चौथे खम्बे की आड़ लेकर चौथ वसूलने वालों के खिलाफ हल्ला बोलने का वक़्त आ गया है. देश की कुछ बड़ी सामाजिक संस्थाएं भी इसमें हमारा साथ देने को तैयार हैं. आशा है आप का सहयोग बराबर मिलता रहेगा.
जो लोग साधना न्यूज़ की इज्ज़त को चौराहे पर खड़ा कर रहे हैं वो किसी को क्या फायदा पहुँचायेंगे.
"हयात छीन लो वक़्त ए रवां के हाथों से …!
हयात भीख में मिलती नहीं है दीवानो …!!
इस संबंध में मैंने साधना न्यूज को पत्र भी लिखा है कि कम से कम भ्रम की स्थिति को खत्म किया जाए. परन्तु प्रबंधन की तरफ अभी तक कोई जवाब नहीं दिया गया है. नीचे एसाइनमेंट हेड को भेजा गया पत्र…
सेवा में,
माननीय एसाइनमेंट हेड
साधना न्यूज़ यूपी
नोएडा उ.प्र.
विषय– मेरे बिलों का भुगतान/समानांतर स्थिति का भ्रम समाप्त किये जाने के सम्बन्ध में.
महोदय/महोदया,
साधना न्यूज़ यूपी में कन्नौज का जिला संवादाता हूँ. पहले लिख चूका हूँ कि चैनल में नोएडा ऑफिस से मेरे ही एक मित्र को कन्नौज में माइक आईडी वितरित की गयी है. मैं यह भी कह चुका हूँ कि अगर चैनल को मेरी ज़रूरत नहीं है तो मेरा आज तक इस चैनल पर जो पैसा बाकी है उसका भुगतान कर मेरी ससम्मान विदाई कर दी जाय. ऐसा हो ही नहीं सकता कि कोई व्यक्ति किसी भी जिले में चेनल के "LOGO" (माइक) का इस्तेमाल कर रहा हो, वह ऐसा तथाकथित ज़िम्मेदार ( तथाकथित शब्द का इस्तेमाल इस लिए किया है कि मैं ऐसे लोगों को गैर ज़िम्मेदार मानता हूँ, जो जिस थाली में खाएं उसी में छेद करें) लोगों की मर्ज़ी के बग़ैर कर रहा हो.
असंभव है कि कन्नौज जैसे छोटे और वीआईपी जनपद में समानांतर स्थिति से एसाइनमेंट के लोग अनभिज्ञ हों. ऍफ़टीपी में समानांतर फोल्डर होने का मतलब है कि एसाइनमेाट के कुछ लोग इसमें शामिल हैं. जिस व्यक्ति को कन्नौज में समानांतर खड़ा किया जा रहा है, वो मेरा ही एक मित्र अजय दुबे मेरे लिए छोटे भाई की तरह है. यह अलग बात है कि वो साधना न्यूज़ के कुछ ऐसे लोगों के चक्कर में पड़ गया है, जो चैनल की साख को बट्टा लगा रहे हैं, जो लोग चैनल की इज्ज़त को चौराहे पर खड़ा कर रहे हो वो किसी को क्या फायदा पहुँचायेंगे. यह बात मेरे दोस्त अजय को समझनी चाहिए क्योंकि हम एक दूसरे को काफी समय से जानते हैं. चैनल के खुराफाती लोगों को मेरा यह सन्देश भी पहुंचाने की कृपा करें कि मैंने पत्रकारिता कमरे में बैठ कर नहीं सीखी है. मैं फील्ड का फौजी हूँ. मेरी अपनी पहचान है. चैनल तो आते जाते रहे लोगों ने भुला दिया मेरी पहचान हर दिन बढ़ती ही रही है.
फिलहाल, मैं अपनी समस्या का निदान आपके स्तर से ही चाहता हूँ. सबसे पहले मुझे चैनल से मेरा कुल बकाया दिलवाने की मेहरबानी करें. मेरा बकाया दिलवाने की ज़िम्मेदारी एसाइनमेंट की है, क्योंकि मैं एसाइनमेंट की आज्ञा का पालन करते हुए आज तक काम कर रहा हूँ. मुझे आदेश किया गया था कि अपनी शिकायत लिख कर भेजें. तीसरी बार लिख कर स्थिति से अवगत करा रहा हूँ. एसाइनमेंट से मेरी यह भी गुज़ारिश है कि ऐसे लोगों को चिन्हित करें जो जिले के रिपोर्टरों के सम्मुख विपरीत परिस्थिति पैदा करने के लिए ज़िम्मेदार हैं. मेरा यह भी अनुरोध है कि पूरे मामले से आदरणीय दिग्विजय सिंह जी को भी अवगत करायें. कृपया मेरे बिलों का भुगतान कर दें फिर जिसे चाहें शौक से रखें. मैं संतुष्ट हूँ कि मैंने मेहनत, लगन और ईमानदारी का दामन कभी नहीं छोड़ा. इसी लिए मैं अपनी मजदूरी का मुतालबा कर रहा हूँ, जो मेरा हक है. लोगों को हक दिलाने के लिए आज से लगभग पच्चीस साल पहले मैं इंजीनियर से पत्रकार बना था. मैंने हजारों लोगों को उनका हक दिलवाने में मदद की है, फिर यह तो मेरा हक है. कृपया मेरे अनुरोध पर ध्यान देने का कष्ट करें.
कृपया मुझे निर्देश/आदेश में जवाब दें.
सादर धन्यवाद,
शाहिद अली खान
कन्नौज
साधना न्यूज़






