लाहौर। पाकिस्तान के पंजाब प्रांत में प्रशासन ने दुनया टीवी के मलिक मिया अमर महमूद के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया है। इसके तुरंत बाद न्यूज चैनल ने मुख्यमंत्री शाहबाज शरीफ की प्रातीय सरकार के खिलाफ अभियान छेड़ दिया। पंजाब ग्रुप आफ कालेजिज के मालिक महमूद पर एक संगीत समारोह के दौरान मची भगदड़ में तीन छात्राओं की मौत के मामले में शिक्षण संस्थानों के प्रशासनिक अधिकारियों समेत मुकदमा दर्ज किया गया है।
पंजाब ग्रुप आफ कालेजिज ने पिछले माह लाहौर में संगीत समारोह का आयोजन किया था, जिसमें आतिफ असलम जैसे गायकों ने भाग लिया था। बीती रात महमूद के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज होने के तुरंत बाद दुनया टीवी ने इसे अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर हमले के रूप में लिया और कहा कि वह लोगों को सच्चाई बताने में सरकार के दबाव के आगे नहीं झुकेगी। चैनल ने दावा किया कि उसके एंकरों और संवाददाताओं को शरीफ सरकार की ओर से उनके खराब प्रशासन की कलई खोलने के लिए जान से मारने की धमकिया मिल रही हैं। इसमें एक फैक्ट्री के ढहने तथा सरकारी अस्पताल में दी गई खराब दवाओं के चलते 170 लोगों की मौत का मामला शामिल है।
लाहौर प्रेस क्लब के अध्यक्ष सरमद बशीर ने कहा कि प्रातीय सरकार ने हताशा में महमूद के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया है। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार प्राथमिकी रद्द करने के बदले में चैनल के प्रबंधन से सरकार के खिलाफ टाक शो को बंद करने के लिए सुलह समझौता करने की कोशिश करेगी। दुनया टीवी को कुछ राजनीतिक दलों का भी समर्थन हासिल है जिनमें इमरान खान की तहरीक ए इंसाफ, मुत्ताहिदा कौमी मूवमेंट तथा पीएमएल क्यू शामिल हैं। नवाज वराइच की शिकायत पर एफआईआर दर्ज की गई है जिसका कहना था कि संगीत समारोह में मची भगदड़ में उसकी एक बेटी मारी गई तथा एक अन्य घायल हो गई। साभार : जागरण





